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Dehradun News: संरक्षण गृह में पीड़ित किशोरियों ने महिला आयोग को बताई थी कहानी
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- 11 दिसंबर को महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने किया था निरीक्षण
- किशोरी ने अपनी समस्या महिला आयोग को बताने की कोशिश की थी
नैनीताल के हल्द्वानी स्थित एक संरक्षण गृह में किशोरी को बाहर ले जाकर दुष्कर्म करवाने के आरोप में संरक्षण गृह की दो महिला कर्मचारियों के खिलाफ पोक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज किया गया है। महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने बताया कि बीते 11 दिसंबर को वह हल्द्वानी प्रवास पर थीं। इसी दौरान उन्होंने संरक्षण गृह का औचक निरीक्षण किया था। इस दौरान किशोरियों से बातचीत में एक किशोरी के व्यवहार में कुछ गड़बड़ी मिली थी।
कुसुम कंडवाल ने बताया कि एक किशोरी अपनी बात कहना चाह रही थी। हमने किशोरी से बात की और किशोरी की बताई हुई कुछ बात समझकर मामले की जानकारी हासिल की। अपने भ्रमण के बाद 12 दिसंबर को सचिव महिला एवं बाल विकास हरिचंद सेमवाल व निदेशक प्रशांत आर्या से वार्ता करते हुए उक्त प्रकरण में संरक्षण गृह में कार्यरत अनुसेविकाओं की जांच करने के लिए निर्देशित किया था। हरिचंद सेमवाल ने कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या को मामले की जानकारी दी। इस पर 16 दिसंबर को जांच की टीम गठित की गई। वहां तैनात उक्त अनुसेविकाओं को निलंबित किया गया है। इसके अलावा तैनात होमगार्ड को भी वापस भेज दिया गया। किशोरी के साथ दुष्कर्म के मामले में कार्रवाई करने पर कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या का आभार व्यक्त किया है। कुसुम कंडवाल ने हरिचंद सेमवाल को पीड़ित किशोरी की काउंसलिंग व देखरेख कराने के लिए निर्देशित किया है।
- किशोरी ने अपनी समस्या महिला आयोग को बताने की कोशिश की थी
नैनीताल के हल्द्वानी स्थित एक संरक्षण गृह में किशोरी को बाहर ले जाकर दुष्कर्म करवाने के आरोप में संरक्षण गृह की दो महिला कर्मचारियों के खिलाफ पोक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज किया गया है। महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने बताया कि बीते 11 दिसंबर को वह हल्द्वानी प्रवास पर थीं। इसी दौरान उन्होंने संरक्षण गृह का औचक निरीक्षण किया था। इस दौरान किशोरियों से बातचीत में एक किशोरी के व्यवहार में कुछ गड़बड़ी मिली थी।
कुसुम कंडवाल ने बताया कि एक किशोरी अपनी बात कहना चाह रही थी। हमने किशोरी से बात की और किशोरी की बताई हुई कुछ बात समझकर मामले की जानकारी हासिल की। अपने भ्रमण के बाद 12 दिसंबर को सचिव महिला एवं बाल विकास हरिचंद सेमवाल व निदेशक प्रशांत आर्या से वार्ता करते हुए उक्त प्रकरण में संरक्षण गृह में कार्यरत अनुसेविकाओं की जांच करने के लिए निर्देशित किया था। हरिचंद सेमवाल ने कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या को मामले की जानकारी दी। इस पर 16 दिसंबर को जांच की टीम गठित की गई। वहां तैनात उक्त अनुसेविकाओं को निलंबित किया गया है। इसके अलावा तैनात होमगार्ड को भी वापस भेज दिया गया। किशोरी के साथ दुष्कर्म के मामले में कार्रवाई करने पर कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या का आभार व्यक्त किया है। कुसुम कंडवाल ने हरिचंद सेमवाल को पीड़ित किशोरी की काउंसलिंग व देखरेख कराने के लिए निर्देशित किया है।
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