संवासिनियों के पुनर्वास को सरकार देगी दस हजार, पढ़ें कैबिनेट फैसले
- - दो वर्ष की अवधि गुजार चुकी महिलाएं होंगी पात्र
- - राज्य कैबिनेट की बैठक में हुए तमाम अहम फैसले
- - अन्य पिछड़ा वर्ग को दशम छात्रवृत्ति के लिए आय सीमा चार गुना बढ़ी
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नारी निकेतन से मुक्त होने वाली संवासिनियों के पुनर्वास में राज्य सरकार आर्थिक मदद करेगी। यह फैसला मंगलवार को आयोजित राज्य कैबिनेट की बैठक में लिया गया। इसके तहत उन्हें दस हजार रुपए की एफडी दी जाएगी।
हालांकि इस मदद के लिए पात्र वे संवासिनियां ही होंगी, जिन्होंने नारी निकेतन में कम से कम दो वर्ष गुजारे होंगे। गौरतलब है कि अमर उजाला ने नारी निकेतन में संवासिनियों की दुर्दशा को लेकर क्रमबद्ध खबरें प्रकाशित की थीं।
इसी क्रम में एक अन्य महत्वपूर्ण फैसले में पूर्व दशम छात्रवृत्रि के लिए अन्य पिछड़ा वर्ग की आय सीमा को 12 हजार रुपए से बढ़ाकर 44500 रुपए कर दिया गया है।
रविवार को बीजापुर हाउस में हुई कैबिनेट बैठक के ठीक एक दिन बाद मंगलवार को सचिवालय में फिर से कैनिबेट की बैठक बुलाई गई। बैठक में मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में तमाम महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।
शासन के बजाय जिलाधिकारी करेंगे पट्टा आवंटन
बैठक में तय हुआ कि स्टोन क्रशर पॉलिसी के तहत पट्टा आवंटन का अधिकार अब शासन के बजाय जिलाधिकारी को होगा। इसके अतिरिक्त पौढ़ी की संस्था आकृति सेवा सदन को बीमार और लावारिस पशुओं की देखरेख के लिए गो-सदन बनाने के लिए जिलाधिकारी को 0190 हेक्टेयर भूमि देने के लिए अधिकृत किया गया है।
इसी तरह परिवहन विभाग प्रवर्तन कर्मचारी वर्ग में चतुर्थ श्रेणी के 33 प्रतिशत पदों पर सीधी भर्ती करने, दिव्यांग, विधवा, परित्यक्ता और वृद्धावस्था पेंशन में एक से अधिक का पात्र होने की दशा में अन्य का 10 प्रतिशत देय होगा। इसके अतिरिक्त महिला सुरक्षा नीति बनाने की बात भी कैबिनेट की बैठक में तय हुई है।
ये रहे कैबिनेट के प्रमुख निर्णय
- स्वास्थ्य कार्यकर्ता एवं स्वास्थ्य पर्यवेक्षक सेवा नियमावली को मंजूरी।
- स्टोन क्रशर पॉलिसी के तहत पट्टा आवंटन का अधिकार जिलाधिकारी को।
- निराश्रित, बीमार, असहाय पशुओं के लिए गो-सदन निर्माण को भूमि देने के लिए जिलाधिकारी को अधिकार।
- पूर्व दशम छात्रवृत्रि के लिए अन्य पिछड़ा वर्ग की आय सीमा बढ़ाकर 44500 रुपए।
- परिवहन विभाग प्रवर्तन कर्मचारी वर्ग (संशोधन) सेवा नियमावलीए पदोन्नत के लिए चतुर्थ श्रेणी के 33 प्रतिशत पदों पर सीधी भर्ती।
- दिव्यांग, विधवा, परित्यक्ता और वृद्धावस्था पेंशन एक से अधिक होने पर अन्य का 10 प्रतिशत देय होगा।
- महिला सुरक्षा नीति बनाने को लेकर कैबिनेट ने दी मंजूरी।
- नारी निकेतन से मुक्त हो रही ऐसी संवासिनियां जो कम से कम दो वर्ष तक संस्था में रही हों, उनके पुनर्वास के लिए 10 हजार की एफडी।