{"_id":"5966172b4f1c1b1a1d8b4626","slug":"students-can-not-choose-thier-subject-in-this-school","type":"story","status":"publish","title_hn":"मनमाफिक विषय के लिए यहां बच्चों को नापनी पड़ेगी 40 किलोमीटर की दौड़","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मनमाफिक विषय के लिए यहां बच्चों को नापनी पड़ेगी 40 किलोमीटर की दौड़
ब्यूरो/ अमर उजाला,देवाल
Updated Wed, 12 Jul 2017 06:03 PM IST
विज्ञापन
Demo pic
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पिछले वर्ष उच्चीकृत हुए उत्तराखंड के चमोली जनपद में स्थित राजकीय इंटर कालेज घेस की 11वीं कक्षा के लिए विज्ञान वर्ग के शिक्षक न होने से बच्चे केवल कला वर्ग के विषय ही पढ़ पाएंगे। विज्ञान वर्ग के विषय पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को अब भी करीब 40 किमी दूर देवाल जाना पड़ेगा।
विज्ञापन
ब्लाक के दूरस्थ गांव हिमनी, बलाण और घेस के बच्चों को हाईस्कूल के बाद राजकीय इंटर कालेज घेस आना पड़ता है। इस बार यहां विज्ञान शिक्षक न होने से विज्ञान पढ़ने वाले बच्चों को 40 किमी दूर जीआईसी देवाल जाना पड़ेगा। यहां सिर्फ कला वर्ग ही छात्र-छात्राएं पढ़ पाएंगे।
विज्ञापन
हालांकि विभाग का कहना है कि शिक्षकों की नियुक्ति होने पर सभी स्वीकृत विषयों का संचालन किया जाएगा। उप शिक्षाधिकारी आरपी अवस्थी ने बताया कि घेस में कक्षा 11 के कला वर्ग में आठ बच्चों का दाखिला हो गया है।
विज्ञापन