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जजरेड़ में लगातार गिर रहे पत्थर, यात्रियों की जान को बना खतरा
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कालसी-चकराता मोटर मार्ग पर जजरेड़ के समीप पहाड़ी से लगातार पत्थर गिर रहे हैं। जिससे यात्रियों की जान को खतरा बना हुआ है। शनिवार की सुबह स्कूल जा रहे शिक्षकों के बोलेरो के बोनट पर पत्थर गिर गया। गनीमत रही कि चालक ने संतुलन नहीं खोया। जिससे बड़ा हादसा होने से टल गया। पूर्व में भी पत्थर गिरने से कई हादसे हो चुके हैं। कई लोग चोटिल हो चुके हैं।
वाहन सवार शिक्षक मुकेश कुमार ने बताया कि वह चालक के साथ आगे की सीट पर बैठे थे। वाहन में चालक समेत कुल आठ लोग थे। पत्थर गिरने के बाद उछल कर शीशे पर लगा। गनीमत रही कि इससे चालक ने संतुलन नहीं खोया। जैसे तैसे वाहन को डेंजर जोन से बाहर निकाला। स्थानीय निवासी नीरज पंवार, ज्ञान सिंह राय, स्वरूप चौहान आदि कहना है कि चालकों को आगह करने के लिए लोक निर्माण विभाग ने कोई कर्मचारी तैनात नहीं किया हुआ है। कई वर्षों से जजरेड़ में भूस्खलन जोन बना हुआ है। जहां से लगातार भूस्खलन होता रहता है। पत्थर गिरते रहते हैं। बारिश के दौरान भारी मलबा ओन से जौनसार बावर की लाइफ लाइन कहे जाने वाला कालसी-चकराता मोटर मार्ग भी कई घंटे बाधित रहता है।
लोनिवि खंड साहिया के अधिशासी अभियंता प्रत्युष सिंह का कहना है कि जजरेट पर डेंजर जोन में है। यहां लगातार पत्थर गिरते रहते हैं। उन्होंने बताया कि लोगों को आगाह करने के लिए पूर्व में ठेकेदार के कर्मचारी तैनात थे, लेकिन मानदेय न मिलने से वे कार्य पर नहीं है। एक कर्मचारी की ड्यूटी लोगों को आगाह करने के लिए लगाई जाएगी। स्थायी समाधान के लिए इस जगह पर पुल प्रस्तावित है। जिसकी कार्रवाई शासन स्तर पर चल रही है।
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वाहन सवार शिक्षक मुकेश कुमार ने बताया कि वह चालक के साथ आगे की सीट पर बैठे थे। वाहन में चालक समेत कुल आठ लोग थे। पत्थर गिरने के बाद उछल कर शीशे पर लगा। गनीमत रही कि इससे चालक ने संतुलन नहीं खोया। जैसे तैसे वाहन को डेंजर जोन से बाहर निकाला। स्थानीय निवासी नीरज पंवार, ज्ञान सिंह राय, स्वरूप चौहान आदि कहना है कि चालकों को आगह करने के लिए लोक निर्माण विभाग ने कोई कर्मचारी तैनात नहीं किया हुआ है। कई वर्षों से जजरेड़ में भूस्खलन जोन बना हुआ है। जहां से लगातार भूस्खलन होता रहता है। पत्थर गिरते रहते हैं। बारिश के दौरान भारी मलबा ओन से जौनसार बावर की लाइफ लाइन कहे जाने वाला कालसी-चकराता मोटर मार्ग भी कई घंटे बाधित रहता है।
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लोनिवि खंड साहिया के अधिशासी अभियंता प्रत्युष सिंह का कहना है कि जजरेट पर डेंजर जोन में है। यहां लगातार पत्थर गिरते रहते हैं। उन्होंने बताया कि लोगों को आगाह करने के लिए पूर्व में ठेकेदार के कर्मचारी तैनात थे, लेकिन मानदेय न मिलने से वे कार्य पर नहीं है। एक कर्मचारी की ड्यूटी लोगों को आगाह करने के लिए लगाई जाएगी। स्थायी समाधान के लिए इस जगह पर पुल प्रस्तावित है। जिसकी कार्रवाई शासन स्तर पर चल रही है।
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