स्टिंग मामला: पुलिस के हाथ लगी कई ऑडियो-वीडियो सीडी, फॉरेंसिक जांच से देशभर में मच सकता है 'भूचाल'
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उमेश कुमार शर्मा के घर से मिली करीब 20 ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग को जांच के लिए केंद्रीय फोरेंसिक साइंस लैब (सीएफएसएल) चंडीगढ़ भेजा जाएगा। माना जा रहा है यदि पुलिस भविष्य में इस जांच रिपोर्ट को उजागर करती है तो राजनीतिक हलचल हो सकती है।
यह हलचल उत्तराखंड के साथ-साथ अन्य प्रदेशों में भी हो सकती है। सूत्रों के मुताबिक कब्जे में ली गई रिकॉर्डिंग (स्टिंग) कई विभागीय अफसरों के भी हैं। पुलिस को उमेश कुमार शर्मा के घर और अन्य कई ठिकानों की तलाशी में मेमोरी कार्ड, पेन ड्राइव और कई सीडी मिली हैं। सूत्रों के मुताबिक इनमें 20 से ज्यादा स्टिंग ऑपरेशन की ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग शामिल हैं।
यह रिकॉर्डिंग उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और यहां तक कि केंद्र से भी जुड़ी हुई हैं। इनमें विभागीय अधिकारी हैं या राजनेता। फिलहाल यह बात स्पष्ट नहीं हो पाई है। ये स्टिंग ही है इस बात का दावा भी कोई अधिकारी नहीं कर रहा है।
एसएसपी निवेदिता कुकरेती ने बताया कि सभी ऑडियो-वीडियो की जांच होनी आवश्यक है। लिहाजा सभी ऑडियो-वीडियो को सीएफएसएल चंडीगढ़ भेजा जाएगा। उसके बाद स्थिति साफ हो पाएगी कि यह स्टिंग है या समाचार संबंधी कोई ऑडियो-वीडियो है।
इधर, पुलिस ने गाजियाबाद, गौतमबुद्धनगर, मोदीनगर और देहरादून में उमेश कुमार शर्मा के ठिकानों और फार्म हाउसों की तलाशी ली। यहां से भी पुलिस को कुछ संदिग्ध चीजें बरामद हुई हैं।
बताया जा रहा है कि मोदीनगर स्थित एक मकान से पुलिस ने कुछ चिप व खुफिया कैमरे बरामद किए हैं। इनमें स्पाई रिकॉर्डिंग, पेन कैमरे और पेनड्राइव शामिल हैं। इन सब की बरामदगी के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। यही नहीं कई विभागों में भी इस बात को लेकर चर्चा है कि इन रिकॉर्डिंग का सच सामने आता है तो राजनीतिक ‘उथल-पुथल’ भी मच सकती है।