फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   state government is indebted to the 'Bapu'

'बापू' की कर्जदार है राज्य सरकार, चुकाने हैं करोंड़ो

Sun, 06 Oct 2013 12:36 PM IST
अमर उजाला, हल्द्वानी
अमर उजाला, हल्द्वानी Updated Sun, 06 Oct 2013 12:36 PM IST
विज्ञापन
state government is indebted to the 'Bapu'

राज्य सरकार दो साल से गांधी जी की कर्जदार है। खादी पर दस प्रतिशत छूट का करोड़ों रुपया राज्य सरकार पर बकाया है, जिसे सरकार अब तक नहीं चुका पाई है। इसमें से गांधी आश्रम के हल्द्वानी रीजन का ही करीब एक करोड़ रुपये फंसा है।

विज्ञापन


राज्य में दो अक्तूबर से पहले खादी उत्पादों पर तीस प्रतिशत छूट दी जा रही थी। इसमें से दस प्रतिशत छूट की रकम का भुगतान राज्य सरकार और बीस प्रतिशत छूट की रकम केंद्र सरकार खादी विभाग को करती है।
विज्ञापन


खादी विभाग को छूट की रकम

केंद्र सरकार तो समय पर खादी विभाग को छूट की रकम का भुगतान करते आई है, लेकिन राज्य सरकार ने दो साल से भुगतान नहीं किया है।

गांधी आश्रम के हल्द्वानी रीजन के अधिकारी सुरेश पंत ने बताया कि उनके रीजन का करीब एक करोड़ रुपये बकाया है। अन्य रीजनों का भी सवा दो करोड़ से अधिक रकम बकाया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


करीब एक करोड़ रुपये बनता है
राज्य सरकार से यह रकम समय पर नहीं मिलने से उन्हें बाहरी राज्यों से कच्चा माल मंगाने में दिक्कतें आ रही हैं और तमाम तरह के काम लटक गए हैं। श्री पंत ने बताया कि दो साल का दस प्रतिशत छूट के हिसाब से उनके रीजन का करीब एक करोड़ रुपये बनता है।


श्री पंत ने बताया कि छूट की रकम का भुगतान करने के लिए विभागीय अधिकारी कई बार शासन में मामला उठा चुके हैं। मुख्यमंत्री के संज्ञान में भी बात लाई गई। खादी, ग्रामोद्योग मंत्री हरीश चंद्र दुर्गापाल से भी बात हुई है। उन्होंने शीघ्र भुगतान करवाने का आश्वासन दिया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed