उत्तराखंड में देर से ठंड ने दी दस्तक, कई इलाकों में बर्फबारी
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जनवरी बीतने को है लेकिन अभी तक उत्तराखंड में कंपकपाती ठंड का एहसास नहीं हुआ। इस सब के बीच मंगलवार को राज्य में मौसम का मिजाज एकदम बदल गया।
उधर, राजधानी देहरादून में मंगलवार को बादलों और हल्की हवाओं की वजह से ठंड बढ़ गई है। पारे में भी करीब दो डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। मौसम विभाग ने पिथौरागढ़ को छोड़कर बाकी प्रदेश में अब भी मौसम शुष्क रहने का अनुमान जताया है।
मंगलवार को प्रदेश में कई जगह की तरह राजधानी में भी बादल छाए रहे। पारे में सोमवार के मुकाबले करीब दो डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। दिन का अधिकतम तापमान 20 डिग्री तक पहुंचा लेकिन दिन में ज्यादातर समय तापमान 18 डिग्री से नीचे ही रहा।
मौसम विभाग के निदेशक बिक्रम सिंह ने बताया कि बुधवार को प्रदेश में कुमाऊं मंडल में विशेषकर पिथौरागढ़ में हल्की बारिश और बर्फ पड़ सकती है। बाकी जगहों पर मौसम शुष्क रहेगा। उन्होंने बताया कि हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर सहित कई मैदानी क्षेत्रों में सुबह को कोहरा छा सकता है। राजधानी में बुधवार को आसमान साफ रहने के साथ ही आंशिक बादल भी आ सकते हैं।
चंपावत, केदारनाथ और बदरीनाथ में बर्फबारी
मौसम में हुए इस बदलाव से जहां मंगलवार को दिन में केदारनाथ और बदरीनाथ की ऊंची चोटियों पर हिमपात हुआ। वहीं देर रात चंपावत के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी होने से क्षेत्र में ठंड बढ़ गई है।
केदारनाथ और बदरीनाथ सहित ऊंची चोटियों पर मंगलवार को हिमपात हुआ है। केदारनाथ में दो दिन चटक धूप के बाद मंगलवार को तड़के से ही घने बादल छाए रहे। दिन चढ़ने के साथ मौसम में कुछ सुधार हुआ लेकिन दोपहर बाद मौसम फिर खराब हो गया।
आपदा कंट्रोल रूम के मुताबिक केदारनाथ में हल्की बारिश के साथ बर्फबारी हो रही है। उधर चमोली जिले में बदरीनाथ, हेमकुंड, गौरसों बुग्याल, रुद्रनाथ के साथ ही ऊंची चोटियों पर हिमपात हुआ, जबकि निचले क्षेत्रों में दिनभर सर्द हवाएं चलने से ठंड बढ़ गई है। व्यापारियों ने ठंड से बचने के लिए अलाव का सहारा लिया। लोग घरों में दुबके रहे।
वर्ड स्नो डे पर सूनी रही औली
इस बार मौसम की बेरुखी के चलते औली वर्ड स्नो डे के दिन पर्यटक विहीन रही। बर्फ नहीं होने से उत्तराखंड विंटर गेम्स एसोसिएशन ने भी औली में कोई कार्यक्रम आयोजित नहीं किया। इससे स्कीइंग खिलाड़ियों में भी निराशा रही।
बता दें कि 19 जनवरी को वर्ड स्नो डे पर हर वर्ष सैकड़ों पर्यटक औली पहुंचकर दिनभर बर्फ का लुत्फ उठाते हैं। पिछले एक दशक में यह पहला मौका होगा जबकि वर्ड स्नो डे के दिन औली में बहुत कम बर्फ रही। मंगलवार को हालांकि सुबह से ही मौसम बारिश और बर्फबारी का बना रहा।
दोपहर बाद तेज आंधी-तूफान के साथ जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी भी हुई, लेकिन औली में बर्फ नहीं गिरी। वर्ड स्नो डे पर औली पहुंचे गाजियाबाद के अनुज शर्मा, दीपाली और निशान ने बताया कि उन्हें औली में कुछ जगहों पर रास्तों में हल्की बर्फ मिली। वह औली के बारे में जो सोच रहे थे वैसा यहां नहीं मिला। बर्फ कम होने से मायूसी रही।
जोशीमठ-औली रोपवे के मैनेजर दिनेश भट्ट का कहना है कि इस बार औली में बेहद कम बर्फबारी हुई है। हालांकि दिसंबर माह में औली में हजारों पर्यटक उमड़े, लेकिन जनवरी माह में बर्फबारी नहीं होने से पर्यटक भी मायूस हैं।