Dehradun News: पूर्व निर्धारित स्थान पर ही बनेगा सिंगटाली मोटर पुल, गढ़वाल और कुमाऊं दोनों मंडलों को जोड़ेगा
पूर्व में पुल निर्माण की कार्यदायी संस्था विश्व बैंक थी, उसके इसके बाद अधिशासी अभियंता निर्माण खंड पीडब्ल्यूडी श्रीनगर को बनाया गया। मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि मोटर पुल के लिए कार्यदायी संस्था को निर्देश दिया गया कि मोटर पुल के लिए डिजाइन और डीपीआर तैयार करें।
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गढ़वाल और कुमाऊं को जोड़ने वाला सिंगटाली मोटर पुल का निर्माण पूर्व निर्धारित स्थान पर ही होगा। इस बाबत लोनिवि मंत्री सतपाल महाराज की ओर से प्रमुख अभियंता को आंगणन गठित कर प्रस्ताव शासन को प्रस्तुत करने के निर्देश पूर्व में ही दिए जा चुके हैं।
यह बात मंत्री ने मिलने आए सिंगटाली मोटर पुल संघर्ष समिति के प्रतिनिधिमंडल से कही। पौड़ी के तहत कौड़ियाला ब्यास घाट मोटर मार्ग पर वर्ष 2006 में सिंगटाली पुल की स्वीकृति दी गई थी। इसके अलावा व्यास घाट से कौड़ियाला तक मोटर मार्ग को वित्तीय और प्रशासनिक स्वीकृति जारी की गई थी।
सड़क का निर्माण कई चरणों में 2019 में पूर्ण हो चुका है। वर्ष 2020 में तत्कालीन सरकार की ओर से इसे निरस्त कर दिया गया।वर्ष 2021 में पुनः पुल को उसी स्थान पर बनाने का निर्णय लिया गया, जहां 2006 का शासनादेश जारी हुआ था। यह शासनादेश 18 मई 2021 को जारी किया गया था।
मोटर पुल के लिए डिजाइन और डीपीआर तैयार करने के निर्देश
114 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला पुल गढ़वाल और कुमाऊं दोनों मंडलों को जोड़ेगा। पूर्व में पुल निर्माण की कार्यदायी संस्था विश्व बैंक थी, उसके इसके बाद अधिशासी अभियंता निर्माण खंड पीडब्ल्यूडी श्रीनगर को बनाया गया। मंत्री ने कहा कि मोटर पुल के लिए कार्यदायी संस्था को निर्देश दिया गया कि मोटर पुल के लिए डिजाइन और डीपीआर तैयार करें।
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इसके लिए मार्च 2023 में आईआईटी रुड़की ने जांच कर रिपोर्ट कार्यदायी संस्था को दे दी। मंत्री ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि जहां पर झूला पुल बना है, वहीं पर सिंगटाली का मोटर पुल बनाया जाएगा। कहा, यह पुल सतपुली, सिद्ध खाल, रिखणीखाल, नैनीडांडा (गढ़वाल) और रामनगर (कुमाऊं) को आपस में जोड़ने का कार्य करेगा।
प्रतिनिधिमंडल में उदय सिंह, विक्रम सिंह नेगी, प्रशांत मैठाणी, देवेंद्र मैठाणी, धनवीर राणा, गिरीश बर्थवाल, स्वयंवर बरथवाल, हर्ष बर्थवाल, सुनील बिष्ट, जगमोहन नेगी आदि शामिल थे।