Pithoragarh: लिपुलेख हाईवे के पास दरकी चट्टान, फंसे 40 आदि कैलाश तीर्थयात्रियों को SDRF ने सुरक्षित निकाला
भूस्खलन से तवाघाट-लिपुलेख हाईवे के पास करीब 120 मीटर सड़क पूरी तरह से ध्वस्त हो गई है। सड़क को आवागमन के लिए सुचारू करने में दो-तीन दिन का समय लग सकता है। इस बीच यहां फंसे आदि कैलाश यात्रा के तीर्थयात्रियों ने एसडीआरएफ ने सुरक्षित निकाला।
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एसडीआरएफ ने पिथौरागढ़ में भूस्खलन में फंसे आदि कैलाश यात्रा के 40 तीर्थयात्रियों को बचाया। उन्हें सुरक्षित धारचूला ले जाया गया। उत्तराखंड पुलिस ने इसका वीडियो पर जारी किया है। चीन सीमा को जोड़ने वाली तवाघाट-लिपुलेख सड़क धारचूला से 45 किमी आगे लखनपुर के पास चट्टान दरकने से बंद हो गई है।
#WATCH | Uttarakhand | SDRF rescued 40 Adi Kailash Yatra pilgrims who were stranded in a landslide in Pithoragarh. They were safely taken to Dharchula.
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(Video: Uttarakhand Police) pic.twitter.com/W1bpcAlDdE— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) June 2, 2023
पहाड़ी दरकने से पूरा पहाड़ ही सड़क पर आ गिरा। गनीमत रही कि सड़क निर्माण में लगे मजदूर और ग्रामीण घटना स्थल से काफी दूर होने से कोई जनहानि नहीं हुई। वहीं, पहाड़ी दकरने का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
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बता दें कि यहां पर करीब 120 मीटर सड़क पूरी तरह से ध्वस्त हो गई है। सड़क को आवागमन के लिए सुचारू करने में दो-तीन दिन का समय लग सकता है। सड़क बंद होने से धारचूला और गुंजी में तीन सौ से अधिक यात्री फंस गए हैं। बार-बार सड़क बाधित होने से यात्रियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।