हरियाणा पुलिस को संत और समर्थकों ने दौड़ा-दौड़ा कर पीटा, वर्दी भी फाड़ी
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नगर कोतवाली क्षेत्र की एक धर्मशाला में ठहरी महिला को लेने आए हरियाणा पुलिस के जवानों को जूना अखाड़े के एक संत ने अपने समर्थकों के साथ दौड़ा- दौड़ा कर पीटा और उनकी गाड़ी के शीशे भी तोड़ दिए। मामला कोतवाली पहुंचने पर संत और हरियाणा पुलिस के बीच सुलह हो गई।
भोलागिरि रोड पर देवीबाई सिंधी धर्मशाला है। शनिवार की सुबह करीब आठ बजे हरियाणा के सदर थाने जिला हिसार में तैनात हेड कांस्टेबल जसवीर तथा महिला कांस्टेबल कविता धर्मशाला पहुंचे।
धर्मशाला में ही हिसार के गांव मुलखान की रेखा पत्नी अमित तीन दिन से ठहरी हुई थी। वह परिजनों से नाराज होकर यहां आई थी। हरियाणा पुलिस के साथ रेखा का पति, मां एवं परिजन भी आए थे।
हरियाणा पुलिस जब महिला को लेकर चलने लगी तभी धर्मशाला में ठहरी एक दूसरी महिला हरियाणा के पुलिसकर्मियों के पास आई। आरोप लगाया कि पास में ही रहने वाला एक संत उसे परेशान कर रहा है।
बीच बचाव में आए अमित का भी सिर फोड़ा
पुलिसकर्मी ने धर्मशाला के बाहर खड़े आरोपी संत को धमकाना शुरू कर दिया तथा स्थानीय पुलिस को उसके बारे में जानकारी देने की बात कही। बस इस बात पर गुस्साए संत ने अपने समर्थकों को बुलाकर हरियाणा पुलिस के दीवान की पिटाई कर दी, उसकी वर्दी भी फाड़ दी।
महिला पुलिसकर्मी से भी धक्का मुक्की की गई। बीच बचाव में आए अमित का भी सिर फोड़ दिया और उनकी कार के शीशे भी तोड़ दिए। इससे मौके पर अफरा तफरी मच गई। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची हरिद्वार पुलिस दोनों पक्षों को कोतवाली ले आई।
करीब दो घंटे तक चले आरोप प्रत्यारोप के बाद हरियाणा पुलिस और संत के बीच सुलह हो गई। कोतवाली प्रभारी अनिल जोशी ने बताया कि इस संबंध में कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
हरियाणा पुलिस महिला को अपने साथ लेकर लौट गई। इस पूरे घटनाक्रम के बीच वह महिला कहीं गायब हो गई जिसके शिकायत करने पर पुलिसकर्मियों ने संत को धमकाना शुरू किया था।