फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Rudraprayag: Drunk principal suspended accused of indecent behavior with students teachers and staff

Rudraprayag: नशे में धुत होकर गाली-गलौज करने वाला प्रधानाचार्य निलंबित, छात्रों- शिक्षकों से करते थे मारपीट

Fri, 03 Feb 2023 07:44 PM IST
अलका त्यागी संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्रप्रयाग
संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्रप्रयाग Published by: अलका त्यागी Updated Fri, 03 Feb 2023 07:44 PM IST
सार

आरोप है कि प्रधानाचार्य ने शिक्षक-कर्मचारियों और छात्र-छात्राओं के साथ मारपीट व हिंसक व्यवहार किया था।

विज्ञापन
Rudraprayag: Drunk principal suspended accused of indecent behavior with students teachers and staff
नशे में धुत प्रधानाचार्य निलंबित - फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर

विस्तार

रुद्रप्रयाग में जखोली ब्लॉक के राजकीय इंटर कॉलेज क्वीलाखाल में नशे में धुत प्रधानाचार्य को शिक्षक-कर्मचारियों और छात्र-छात्राओं के साथ मारपीट करने व हिंसक व्यवहार के चलते डीएम ने निलंबित कर दिया है। डीएम मुख्य शिक्षाधिकारी को मामले की जांच कर तीन दिन में रिपोर्ट देने के निर्देश भी दिए हैं। दूसरी ओर प्रधानाचार्य के नशे में रहने और हिंसक व्यवहार के विरोध में छात्र-छात्राओं और शिक्षक-कर्मचारियों ने धरना दिया।

विज्ञापन


Uttarakhand Open University:  छात्रों पर भारी पड़ रही विवि प्रशासन की लापरवाही, किताबें मिलीं न नंबर जुड़ रहे
विज्ञापन


पिछले कई दिनों से प्रधानाचार्य सतीश कुमार शराब पीकर विद्यालय आ रहे थे। साथ ही शिक्षक व शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के साथ गाली-गलौज के साथ छात्र-छात्राओं से मारपीट भी की थी। स्कूली बच्चों ने प्रधानाचार्य के इस व्यवहार के बारे में अपने परिजनों को बताया था। शुक्रवार को भी प्रधानाचार्य नशे में धुत होकर विद्यालय पहुंचे और वहां मौजूद शिक्षक, कर्मचारियों व छात्र-छात्राओं के साथ गाली-गलौज करने लगे। इस पर छात्र-छात्राएं कक्षाओं से और शिक्षक-कर्मचारी कार्यालय से बाहर मैदान में आ गए। उन्होंने प्रधानाचार्य से ऐसा नहीं करने के लिए इसके बाद भी प्रधानाचार्य का गाली-गलौज नहीं थमा तो विरोध में स्कूली बच्चे, शिक्षक व शिक्षणेत्तर कर्मचारी धरने पर बैठ गए।
विज्ञापन
विज्ञापन


इस दौरान कुछ कर्मियों ने शिक्षक-अभिभावक संघ के अध्यक्ष को फोन कर पूरा घटनाक्रम बताया। पीटीए अध्यक्ष महावीर प्रसाद भट्ट ने मुख्य शिक्षाधिकारी को फोन पर पूरा घटनाक्रम बताया और त्वरित कार्रवाई की मांग की। पीटीए अध्यक्ष ने सीईओ को बताया कि प्रधानाचार्य के आए दिन के इस व्यवहार से छात्र-छात्राएं डरे-सहमे हैं। इधर, मामले की जानकारी जिलाधिकारी मयूर दीक्षित को स्कूल वालों ने ही दी तो डीएम ने प्रधानाचार्य को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के आदेश सीईओ को दिए। डीएम ने कहा कि विद्यालय के मुखिया के शराब के नशे में अभद्र व्यवहार करना माफी लायक नहीं है।

आदेश मिलने के बाद समाप्त किया धरना
सीईओ विनोद प्रसाद सिमल्टी ने बताया कि प्रधानाचार्य के विरोध में छात्र-छात्राओं, शिक्षक व शिक्षणेत्तर कर्मचारियों ने धरना दिया था। प्रधानाचार्य को निलंबित करने के लिए निदेशक माध्यमिक शिक्षा को पत्र भेजा है। निलंबन के मिलने के बाद धरना समाप्त कर दिया गया। कहा कि खंड शिक्षाधिकारी को मामले की जांच कर तीन दिन में रिपोर्ट देने को कहा है।

नशे में उत्पात मचाने वाले कई शिक्षक हो चुके हैं निलंबित
जिले में पूर्व में भी शराब के नशे में स्कूल में उत्पात मचाने के मामले में कई शिक्षक निलंबित हो चुके हैं। तीन वर्ष पूर्व राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भुनका में प्रभारी प्रधानाचार्य भी शराब के नशे में गाली-गलौज के कारण निलंबित किए गए थे। वहीं, राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय चोपड़ा में बीते वर्ष 25 मार्च को प्रभारी प्रधानाध्यापक नशे में हाफ पैंट में स्कूल आने और गाली-गलौज देने पर निलंबित कर दिए गए।

दो शिक्षिकाओं का सत्र लाभ समाप्त, चार का वेतन रोका
अगस्त्यमुनि में कार्यों में लापरवाही बरतने पर खंड शिक्षाधिकारी वाईएस रावत ने दो शिक्षिकाओं का सत्र लाभ ( साल के बीच में रिटायर होने वाले शिक्षकों को सत्र तक सेवा विस्तार) समाप्त करते हुए वेतन रोकने के निर्देश दिए। साथ ही दो अन्य शिक्षकों का भी एक-एक दिन का वेतन रोकने के निर्देश दिए गए। सभी से स्पष्टीकरण मांगा गया है। खंड शिक्षाधिकारी वाईएस रावत शुक्रवार को राजकीय प्राथमिक विद्यालय सतेराखाल पहुंचे। उन्होंने यहां तैनात शिक्षिका कुशला मैठाणी को कार्यों के प्रति लापरवाही बरतने का दोषी पाया। वहीं, दुर्गाधार में तैनात शिक्षिका मीना बेंजवाल पर तय समय से पहले ही स्कूल की छुट्टी का आरोप सही पाया गया। इस पर बीईओ ने दोनों शिक्षिकाओं का सत्र लाभ खत्म करते हुए एक-एक दिन का रोकने के आदेश दिए। वहीं, राजकीय प्राथमिक विद्यालय कौशलपुर और किमाणा-दानकोट में तैनात एक-एक शिक्षक की ओर से भी कार्य में लापरवाही बरतने पर एक-एक दिन का वेतन रोक दिया। बीईओ रावत ने कहा कि विद्यालयों का औचक निरीक्षण आगे भी जारी रहेगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed