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रुड़की: स्वदेशी क्वांटम कंप्यूटर टूलकिट लांच, आईआईटी रुड़की, आईआईएससी बंगलूरू और सी-डैक की साझा पहल
Sat, 28 Aug 2021 08:25 PM IST
अलका त्यागी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रुड़की
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रुड़की
Published by: अलका त्यागी
Updated Sat, 28 Aug 2021 08:25 PM IST
सार
क्यूसिम पहला स्वदेशी टूलकिट है। इससे प्रोग्रामिंग के व्यावहारिक पहलुओं को सीखने और समझने में मदद मिलेगी।
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ऑनलाइन लांच हुआ क्यूसिम
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (एमईआईटीवाई) ने आईआईटी रुड़की, आईआईएससी बंगलूरू और सी-डैक की साझा पहल से विकसित किए गए देश के पहले ‘क्वांटम कंप्यूटर सिम्युलेटर (क्यूसिम) टूलकिट‘ को ऑनलाइन लांच किया है।
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क्यूसिम पहला स्वदेशी टूलकिट है। इससे प्रोग्रामिंग के व्यावहारिक पहलुओं को सीखने और समझने में मदद मिलेगी। इसे भारत में क्वांटम कंप्यूटिंग अनुसंधान के नए युग की शुरुआत माना जा रहा है। साथ ही शोधकर्ताओं और छात्रों को कम खर्च पर क्वांटम कंप्यूटिंग में बेहतर शोध करने का अवसर मिलेगा।
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आईआईटी रुड़की के निदेशक प्रो. अजीत के चतुर्वेदी ने कहा है कि कहा कि आईआईटी रुड़की क्वांटम कंप्यूटिंग की शिक्षा एवं शोध में निरंतर सक्रिय भूमिका निभाएगा। शनिवार को लांच किया गया क्वांटम सिम्युलेटर क्वांटम कंप्यूटिंग की शिक्षा एवं शोध में हमें बहुत सक्षम बनाएगा। कंप्यूटर विज्ञान और इंजीनियरिंग विभाग आईआईटी रुड़की के प्रमुख डॉ. सुगत गंगोपाध्याय ने बताया कि टूलकिट के विकास में हमारी टीम ने सीडैक की टीमों के साथ मिलकर काम किया।
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आईआईटी रुड़की की विशेषज्ञता टूलकिट को स्वरूप प्रदान करने में महत्वपूर्ण रही है। वर्तमान में हम सिम्युलेटर पर शुरू होने वाले प्रोग्राम डेवलप करने का काम कर रहे हैं। क्वांटम कंप्यूटिंग से क्रिप्टोग्राफी, कंप्यूटेशनल केमिस्ट्री और मशीन लर्निंग जैसे क्षेत्रों में कंप्यूटिंग पावर में कई गुनी वृद्धि की संभावना है।