52 दिन बाद रामदेव के भाई रामभरत जेल से हुए रिहा
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बाबा रामदेव के भाई रामभरत 52 दिन बाद शुक्रवार को जेल से रिहा हो गए। आचार्य बालकृष्ण खुद उन्हें लेने जिला जेल पहुंचे। लेकिन उनका काफिला मीडियाकर्मियों से बातचीत किए बिना निकल गया।
27 मई को पतंजलि फूड पार्क में हुई हिंसक झड़प के आरोपी रामभरत को 15 जुलाई को उच्च न्यायालय नैनीताल ने जमानत दे दी थी। लेकिन बुधवार एवं बृहस्पतिवार को कानूनी प्रक्रिया चलने के कारण वह रिहा नहीं हो पाए।
मीडिया से बनाए रखी दूरी
शुक्रवार को रिहाई का आदेश जिला जेल पहुंचा। उन्हें लेने स्वयं आचार्य बालकृष्ण पांच-छह लग्जरी कार लेकर पहुंचे। इनमें से एक कार में स्वयं आचार्य बालकृष्ण मौजूद थे। दोपहर करीब दो बजे 52 दिन जेल में रहे रामभरत बाहर निकले और आचार्य की कार में बैठे। जेल से कुछ दूर पर लगे बैरियर के पास सिडकुल पुलिस ने सभी मीडियाकर्मियों को रोके रखा।
जानिए, क्या था यह मामला
पतंजलि हर्बल फूड पार्क में स्थानीय ट्रक यूनियन पदाधिकारी अपने ट्रकों को पार्क में प्रवेश देने की मांग लंबे समय से कर रहे थे। 27 मई को इस विवाद ने तूल पकड़ लिया। फूड पार्क हिंसक झड़प हुई।
इसमें ट्रक यूनियन के पदाधिकारी दलजीत सिंह की मौत हो गई। इसका आरोप पार्क के सुरक्षाकर्मियों, अधिकारियों एवं रामभरत पर लगा। पुलिस ने उसी दिन रामभरत को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। उसके बाद नौ अन्य आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया।
तब से अब तक 52 दिन रामभरत ने जेल में काटे। लेकिन बाबा रामदेव एक भी दिन उनसे मिलने नहीं पहुंचे।