जनता कर्फ्यू: श्रमिकों को 500 रु. राहत राशि देगी उत्तराखंड सरकार, नहीं चलेंगे बस-ट्रेन, खुलेंगे अस्पताल
- आदेश जारी, प्रदेश के करीब सवा लाख श्रमिकों को मिलेेगी राहत
- सरकार पर करीब 16 करोड़ का भार, यूपी की तर्ज पर फैसला
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उत्तर प्रदेश ने हाल ही में कोरोना के बाद ठप हुई निर्माण गतिविधियों को देखते हुए श्रमिकों को पैसा देने का एलान किया है। उत्तराखंड सरकार भी अब इसी राह पर है। प्रदेश में सरकार श्रमिकों के खातों में 500 रुपये डालने जा रही है। श्रम मंत्री हरक सिंह ने बताया कि इससे सरकार पर करीब 16 करोड़ रुपये का अतिरिक्त भार पड़ेगा।
अनुमान है कि प्रदेश में इससे करीब सवा लाख श्रमिकों को फायदा पहुंचेगा। हरक सिंह के मुताबिक यह राशि कम है, लेकिन इससे श्रमिकों को कुछ हद तक फायदा जरूर होगा। प्रदेश सरकार की कोशिश है कि श्रमिकों को किसी न किसी रूप से सहारा देने की कोशिश जारी रखी जाए।
बताया जा रहा है कि जनता कर्फ्यू के कारण श्रमिकों को आर्थिक दिक्कतों का सामना न करना पड़े, इसी लिए फिलहाल एक बार श्रमिकों के खाते में 500-500 रुपये डालने का निर्णय लिया गया है।
रविवार को नहीं चलेंगी रोडवेज की बसें
कोरोना वायरस के संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए ‘जनता कर्फ्यू’ के तहत उत्तराखंड रोडवेज की बसों का संचालन रविवार को नहीं होगा।
परिवहन निगम के एमडी दीपक जैन ने एक दिन के लिए करीब 1300 बसों के संचालन पर रोक लगाने की पुष्टि की है। उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश सरकार पहले ही बसों के संचालन पर रोक लगाने की घोषणा कर चुकी है।
देहरादून से नहीं होगा आज ट्रेनों का संचालन
कोरोना के कहर को देखते हुए देहरादून से चलने वाली सभी ट्रेनें रविवार को सुबह 5:00 बजे से रात 10:00 बजे तक कैंसिल रहेंगी। कोरोना के संक्रमण को रोकने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा की गई जनता कर्फ्यू की अपील के मद्देनजर उच्चाधिकारियों के निर्देश पर देहरादून रेलवे स्टेशन के अधिकारियों ने भी सुबह 5:00 बजे से लेकर रात 10:00 बजे तक सभी ट्रेनों का संचालन रद्द करने का फैसला लिया है।
सरकारी अस्पताल रहेंगे खुले, निजी अस्पतालों में भी आपातकालीन सेवाएं रहेंगी खुली
रविवार को जनता कर्फ्यू में सरकारी अस्पताल मरीजों को लगातार सेवाएं देते रहेंगे। इसके अलावा निजी अस्पतालों ने भी आपातकालीन सेवाओं को पूर्व की भांति खुले रखने का निर्णय लिया है। वही दवा की रिटेल की प्राइवेट दुकाने खुली रहेंगी। जरूरत पड़ने पर होलसेल विक्रेताओं को मोबाइल के माध्यम से मास्क सैनिटाइजर या दवा आदि की आपूर्ति के लिए बुला लिया जाएगा।
देहरादून जिले के चिकित्सा अधिकारियों के मुताबिक, रविवार को दून मेडिकल अस्पताल, जिला कोरोनेशन एवं गांधी शताब्दी अस्पताल समेत विभिन्न सरकारी अस्पतालों में डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टॉप और अन्य कर्मचारी ड्यूटी पर तैनात रहेंगे। ताकि कोरोना संक्रमित और उसके लक्षणों वाले मरीजों को जांच और इलाज में किसी तरह की दिक्कत का सामना ना करना पड़े।
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की जिला सचिव डॉक्टर रूपा हंस पाल ने बताया कि सभी बड़े निजी अस्पताल रविवार को खुले रहेंगे। उनमें आपातकालीन सेवाएं पूर्व की भांति संचालित की जाएंगी। इसके अलावा अपने क्लीनिक पर मरीजों को देखने वाले डॉक्टर भी स्वेच्छा से क्लीनिक खोलेंगे। सभी से अपील है कि भीड़भाड़ न करें और सरकार द्वारा जारी गाइडलाइन के हिसाब से उसका पालन करें।
वहीं, दून होलसेल केमिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष मनीष नंदा ने बताया कि रविवार होने की वजह से होलसेल की दुकानें बंद रहेंगी, लेकिन अगर किसी भी तरह की दवा आदि की जरूरत पड़ती है तो रिटेल केमिस्ट की एक कॉल पर यह सब चीजें उन्हें उपलब्ध करा दी जाएंगी।