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आयात कर रहे चंदन पर खेती की मंजूरी नहीं!

Sat, 29 Nov 2014 06:12 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून Updated Sat, 29 Nov 2014 06:12 PM IST
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prakash javadekar statemet in sandal farming.

आस्ट्रेलिया से चंदन की लकड़ी आयात की जा रही है, फिर भी राज्यों में इसकी खेती की मंजूरी नहीं मिलना आश्चर्य का विषय है। शुक्रवार को वन अनुसंधान संस्थान में वन संवर्धनिक सम्मेलन के समापन समारोह के दौरान यह बात केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने अपने वीडियो संदेश में कही। मंत्री को कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के तौर पर खुद आना था, लेकिन किसी कारणवश वह नहीं आ सके।

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मंत्री करेंगे विशेषज्ञों से बैठक
वीडियो संदेश में जावड़ेकर ने कहा कि इस पर विमर्श के लिए देश में वानिकी विशेषज्ञों के साथ वह छह क्षेत्रीय बैठक आयोजित करेंगे। पर्यावरण एवं वन सचिव अशोक लवासा ने कहा कि गंगा सफाई और स्मार्ट सिटी जैसे प्रोजेक्ट के लिए आम जन की सक्रिय सहभागिता की जरूरत है।
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सिर्फ जानकारी से पर्यावरण नहीं बचा सकते। इसके लिए जुनून जरूरी है। मौके पर भारतीय वानिकी अनुसंधान एवं शिक्षा परिषद महानिदेशक डॉ. अश्विनी कुमार, डॉ. वीपी भोजवैद्य, डॉ. एएस रघुवंशी, जीएस गोराया आदि रहे।
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वन संरक्षण-विकास में संतुलन जरूरी
पर्यावरण सचिव अशोक लवासा ने कहा कि वन स्रोत में कमी नहीं है, लेकिन इस्तेमाल किफायत और सावधानी से करने की जरूरत है। जंगलों से उतना ही हासिल करना चाहिए, जितनी जरूरत हो।


तुलसी समेत कई पौधों का जिक्र करते हुए लवासा ने कहा कि हमारे देश में इन्हें भगवान मानकर पूजा जाता है, लेकिन कितना दुर्भाग्यपूर्ण है कि आज हमें इनके संरक्षण के लिए कानून बनाने पड़ रहे हैं।

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