'फाइव स्टार' जेल के अंदर से इस तरह आतंक का राज चला रहा था कुख्यात भूरा
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सरगना सुशील राठी का करीबी अमित उर्फ भूरा पटियाला जेल के अंदर से ही आतंक का राज चला रहा था। एसटीएफ और हरिद्वार पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में पटियाला जेल में तलाशी के दौरान भूरा के पास मोबाइल बरामद किया गया है।
यही नहीं भूरा को जेल में फाइव स्टार होटल जैसी सुविधाएं उपलब्ध थीं। भूरा ने ही मंगलौर के एक उद्यमी को फैक्ट्री में लेबर का ठेका देने को लेकर धमकी दी थी। सहारनपुर के देवबंद में एक चिकित्सक को धमकी और फायरिंग के मामले में भी भूरा का ही नाम सामने आया है।
उत्तराखंड एसटीएफ पंजाब की पटियाला जेल में बंद अमित भूरा की गतिविधियों पर नजर रखे हुए थी। इसी बीच भूरा ने अपने शूटरों के माध्यम उजाला (नील बनाने वाली) कंपनी के मैनेजर को लेबर के ठेके के लिए धमकी दिलाई थी।
उसके दो साथी पकड़े गए तो तार जुड़ते चले गए। एसटीएफ ने सर्विलांस के जरिए भूरा द्वारा प्रयुक्त किए जाने वाले मोबाइल नंबर पकड़ लिए। एसटीएफ और हरिद्वार पुलिस ने बृहस्पतिवार रात पटियाला जेल पहुंचकर भूरा के पास से मोबाइल बरामद कर लिया।
छह साल से पुलिस के नाक में किया दम
एसटीएफ के पुलिस महानिरीक्षक संजय गुंज्याल ने बताया कि जेल के अंदर से ही भूरा गैंग चला रहा था। पटियाला प्रशासन ने अमित भूरा को अब सेंट्रल जेल में स्थानांतरित कर दिया है। सहारनपुर के देवबंद में एक चिकित्सक से रंगदारी मांगने के मामले में भी उसका ही नाम सामने आया है।
उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश में कई गिरोह से जुड़ा रहा अमित भूरा लंबे समय से पुलिस के लिए चुनौती बना हुआ है। करीब छह साल पहले विशाल मेगा मार्ट में डकैती में भूरा का नाम सबसे पहले आया था।
रुड़की कारागार के बाहर चीनू पंडित पर जान लेवा हमले में पकड़े जाने के बाद भूरा को देहरादून जेल में शिफ्ट किया गया था। 15 दिसंबर 2014 में पुलिस अभिरक्षा से फरार होकर अमित भूरा उत्तराखंड पुलिस की हिटलिस्ट में सबसे ऊपर आ गया था।
फरारी के साथ भूरा और उसके साथी सरकारी असलाह भी ले गए थे। गिरोह के अन्य साथियों से हथियार बरामद कर लिए गए थे, जबकि भूरा पंजाब में पकड़ा गया था।