{"_id":"6504abf58ddb94091f052325","slug":"on-the-call-of-kshetra-panchayat-member-and-advocate-vikas-nagar-news-c-5-1-drn1032-245901-2023-09-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Dehradun News: डॉक्टर के सामाजिक बहिष्कार के लिए निकाला कैंडल मार्च","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Dehradun News: डॉक्टर के सामाजिक बहिष्कार के लिए निकाला कैंडल मार्च
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डॉक्टर पर दर्ज है दुष्कर्म का मुकदमा
क्षेत्र पंचायत सदस्य और अधिवक्ता नितिन वर्मा के आह्वान पर नर्स से दुष्कर्म के आरोपी डाक्टर वीरेंद्र सिंह चौहान का सामाजिक बहिष्कार करने को लेकर लोगों ने बाजार में कैंडल मार्च निकाला।
पीड़िता के परिजन के साथ ही ग्रामीण और विभिन्न संगठनों से जुड़े लोग शुक्रवार की शाम को डाकपत्थर तिराहा पर एकत्र हुए। लोगों ने पहाड़ी गली चौक से शांतिपूर्ण तरीके से कैंडल मार्च निकाला। लोग हाथों में बैनर लिए हुए थे। अधिवक्ता नितिन वर्मा ने कहा कि डॉक्टर का कृत्य किसी भी सूरत में माफ करने योग्य नहीं है।
ऐसे व्यक्ति का सामाजिक बहिष्कार किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में लोगों ने कैंडल मार्च में शामिल होकर मांग का समर्थन किया। कहा कि पीड़ित पक्ष को न्याय दिलाने के लिए लड़ाई लड़ी जाएगी।
विज्ञापन
बतादें कि अस्पताल में काम करने वाली नर्स ने चेकअप के बहाने डॉक्टर पर दुष्कर्म का आरोप लगाते हुए कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था। कैंडल मार्च में प्रधान अरुण खत्री, नारायण ठाकुर, जोगिंदर शाह, धर्मवीर सिंह, धर्मेंद्र ठाकुर, तिलक बहादुर, गिरीश सप्पल आदि शामिल रहे।
विज्ञापन
क्षेत्र पंचायत सदस्य और अधिवक्ता नितिन वर्मा के आह्वान पर नर्स से दुष्कर्म के आरोपी डाक्टर वीरेंद्र सिंह चौहान का सामाजिक बहिष्कार करने को लेकर लोगों ने बाजार में कैंडल मार्च निकाला।
पीड़िता के परिजन के साथ ही ग्रामीण और विभिन्न संगठनों से जुड़े लोग शुक्रवार की शाम को डाकपत्थर तिराहा पर एकत्र हुए। लोगों ने पहाड़ी गली चौक से शांतिपूर्ण तरीके से कैंडल मार्च निकाला। लोग हाथों में बैनर लिए हुए थे। अधिवक्ता नितिन वर्मा ने कहा कि डॉक्टर का कृत्य किसी भी सूरत में माफ करने योग्य नहीं है।
विज्ञापन
ऐसे व्यक्ति का सामाजिक बहिष्कार किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में लोगों ने कैंडल मार्च में शामिल होकर मांग का समर्थन किया। कहा कि पीड़ित पक्ष को न्याय दिलाने के लिए लड़ाई लड़ी जाएगी।
विज्ञापन
बतादें कि अस्पताल में काम करने वाली नर्स ने चेकअप के बहाने डॉक्टर पर दुष्कर्म का आरोप लगाते हुए कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था। कैंडल मार्च में प्रधान अरुण खत्री, नारायण ठाकुर, जोगिंदर शाह, धर्मवीर सिंह, धर्मेंद्र ठाकुर, तिलक बहादुर, गिरीश सप्पल आदि शामिल रहे।