{"_id":"61c61781218d7708837aaf63","slug":"now-the-postman-not-the-head-or-blo-is-delivering-the-voter-id-card-city-news-drn3997498173","type":"story","status":"publish","title_hn":"अब प्रधान या बीएलओ नहीं डाकिया पहुंचा रहे वोटर आई कार्ड","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अब प्रधान या बीएलओ नहीं डाकिया पहुंचा रहे वोटर आई कार्ड
विज्ञापन
देहरादून। उत्तराखंड के नए मतदाताओं को अब प्रधान या बीएलओ की बजाए डाकिए के जरिए वोटर आईडी कार्ड पहुंचाए जा रहे हैं। ऐसे में अब बीएलओ की ओर से कई मतदाताओं को पहचान पत्र न देने या किसी दूसरे व्यक्ति को पहुंचाने की जिम्मेदारी देने या फिर वोटर आईडी के बदले रुपये की डिमांड करने की शिकायतें नहीं मिलेंगी। इसके लिए निर्वाचन आयोग और डाक विभाग के बीच करार हुआ है। करार के तहत डाक विभाग खुद वोटर आईडी की बुकिंग कर डाक से घर के पते पर पहचान पत्र भजा जा रहा है। विभाग की ओर से प्रदेश भर में यह प्रक्रिया शुरू भी हो गई है। विभाग ने जनवरी तक सभी नए मतदाताओं को वोटर आईडी कार्ड पहुंचाने का लक्ष्य तय किया है। डाक विभाग का आने वाला खर्च निर्वाचन विभाग की ओर से उठाया जाएगा।
पिता का नाम न होने से डाकिया हो रहे परेशान
पासपोर्ट की तरह स्पीड पोस्ट से पहुंचाए जा रहे मतदाता पहचान पत्र में पिता का नाम न होने से डाकिया को सही पते पर पोस्ट पहुंचाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
विभाग की ओर से प्रदेश भर में डाक के जरिए नए मतदाताओं को वोटर आईडी कार्ड भेजे जा रहे हैं। जनवरी तक सभी वोटर आईडी कार्ड को पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। सभी वोटर कार्ड रंगीन हैं इसके लिए डाक विभाग और निर्वाचन आयोग के बीच करार हुआ है।
विज्ञापन
-एसके राय, निदेशक, उत्तराखंड डाक सेवाएं
विज्ञापन
पिता का नाम न होने से डाकिया हो रहे परेशान
पासपोर्ट की तरह स्पीड पोस्ट से पहुंचाए जा रहे मतदाता पहचान पत्र में पिता का नाम न होने से डाकिया को सही पते पर पोस्ट पहुंचाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन
विभाग की ओर से प्रदेश भर में डाक के जरिए नए मतदाताओं को वोटर आईडी कार्ड भेजे जा रहे हैं। जनवरी तक सभी वोटर आईडी कार्ड को पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। सभी वोटर कार्ड रंगीन हैं इसके लिए डाक विभाग और निर्वाचन आयोग के बीच करार हुआ है।
विज्ञापन
-एसके राय, निदेशक, उत्तराखंड डाक सेवाएं