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'मिशन आक्रोश' के बाद पूरी हुई पुलिसकर्मियों की मुराद

Thu, 27 Aug 2015 11:43 AM IST
ब्यरो/अमर उजाला, देहरादून
ब्यरो/अमर उजाला, देहरादून Updated Thu, 27 Aug 2015 11:43 AM IST
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notional increment order for uttarakhand police.

पुलिस के मिशन आक्रोश खत्म करने के लिए राज्य सरकार ने कांस्टेबलों को नोशनल इंक्रीमेंट (काल्पनिक वेतन वृद्धि) का शासनादेश जारी कर दिया है। इसकी औपचारिक जानकारी देने के लिए सीएम हरीश रावत ने मीडिया के साथ अनौपचारिक बातचीत की।

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उन्होंने कहा कि यह काफी पहले हो जाना चाहिए था, लेकिन देर से ही सही अब लाभ दे दिया है। उन्होंने पुलिस जवानों को नसीहत भी दी कि केवल अपने कल्याण की न सोचें, राज्य के संसाधन और राज्य हित पर भी फोकस करें।
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दोपहर बाद अचानक सीएम के कुछ खबरनवीसों से अनौपचारिक तौर पर मिलने की सूचना मिलते ही मीडिया तंत्र भी सक्रिय हो गया। करीब साढ़े पांच बजे मीडिया से बातचीत के लिए आए मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा कि पुलिस जवानों को नोशनल इंक्रीमेंट पहले ही मिल जाना चाहिए था। इस निर्णय से सरकार को 50-60 करोड़ रुपये की व्यवस्था करनी है। निर्णय का शासनादेश जारी हो चुका है।
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दरअसल, यह वेतन विसंगति का मामला भी था। नए जवानों का वेतन पुरानों से ज्यादा हो रहा था, इसलिए इस फैसले से किसी को कम और किसी को ज्यादा लाभ मिलेगा। फिलहाल इस आशय का आदेश जारी हो गया है। राज्य के लगभग 21 हजार पुलिस जवानों को इस फैसले का लाभ मिलेगा।

सीएम ने दी पुलिसकर्मियों को दी नसीहत

notional increment order for uttarakhand police.

मुख्यमंत्री ने नसीहत भी दी। उन्होंने कहा कि राज्य का हर कर्मचारी चाहता है कि उनका वेतन बढ़े, लेकिन ऐसे सभी कर्मियों को राज्य के आय के संसाधनों की सीमा तक जाना होगा।

उन्हें यह भी देखना चाहिए कि संसाधन भी हैं कि नहीं। उन्होंने पुलिस जवानों को नसीहत देते हुए कहा कि अपने हित से पहले राज्य हित के बारे में सोचना चाहिए, लेकिन उनके साथ इंसाफ करने के लिए सरकार ने यह फैसला लिया।

शुरू से स्पष्ट नहीं था एजेंडा
पुलिस जवानों के आक्रोश को लेकर सरकार का एजेंडा शुरू से स्पष्ट नहीं था। इंक्रीमेंट का शासनादेश जारी होने तक भी मुख्यमंत्री का इस बात पर ज्यादा फोकस था कि पुलिस वालों को किसने उकसाया। उन्होंने यह भी कहा कि जवानों के साथ नाइंसाफी हो रही थी, फिर भी उनकी चिंता इस बात को लेकर ज्यादा रही कि इस मामले को बेवजह तूल दे दिया गया।

जब उनसे पूछा गया कि राज्य हित से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सरकार क्या कार्रवाई करेगी, तो सीएम ने कहा कि मुझे इस मुद्दे पर अभी कुछ नहीं कहना है।

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