अब एसीआर में दर्ज होगी एनएचएम योजनाओं की परफॉरमेंस, हर जिले का बनेगा एक्शन प्लान
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राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत संचालित योजनाओं की परफॉरमेंस अब अधिकारियों व कर्मचारियों की एसीआर में दर्ज होगी। केंद्र सरकार की रिपोर्ट में उत्तराखंड का स्वास्थ्य क्षेत्र में खराब प्रदर्शन के बाद अब प्रत्येक जनपद के लिए योजनाओं को क्रियान्वित करने का एक्शन प्लान तैयार किया जाएगा।
पहली बार उच्च स्तर पर एनएचएम योजनाओं की समीक्षा के लिए शासन ने एजेंडा तैयार कर लिया है। जल्द ही बैठक की तिथि निर्धारित की जाएगी। बैठक में प्रत्येक योजना की जनपदवार समीक्षा की जाएगी। जिलों से सीएमओ और सीएमएस पूरी तैयारी के साथ ही बैठक में उपस्थित होंगे। जिस अधिकारी को बुलाया जाएगा, वह बैठक में अनिवार्य रूप से उपस्थित होगा।
हाल ही में स्वास्थ्य मंत्रालय ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत सभी राज्यों की हेल्थ सिस्टम स्ट्रेंथिंग कंडिशनली रिपोर्ट जारी की है। जिसमें उत्तराखंड का प्रदर्शन खराब रहा। नीति आयोग के स्वास्थ्य सूचकांक के मानकों और एनएचएम योजनाओं को क्रियान्वयन के लिए शासन नई रणनीति तैयार कर रहा है।
प्रत्येक जनपद के लिए योजनाओं का नया एक्शन प्लान बना कर लक्ष्य दिए जाएंगे। योजनाओं की परफॉरमेंस को अधिकारियों और कर्मचारियों की एसीआर में भी दर्ज किया जाएगा। वहीं, शासन ने एनएचएम योजनाओं की समीक्षा के लिए एजेंडा तैयार कर लिया है।
जिसमें प्रत्येक जिला में मानसिक चिकित्सा, हेल्थ वेलनेस सेंटर, मातृ-शिशु जन्म एवं मृत्यु दर, अस्पतालों में डॉक्टरों के रिक्त पद, 108 एंबुलेंस, खुशियों की सवारी, टीकाकरण आदि तमाम योजनाओं पर गहन समीक्षा होगी। इसमें जिलों के सीएमओ और सीएमएस को पूरी तैयारी के साथ बैठक में बुलाया जाएगा।
एनएचएम योजनाओं की समीक्षा के लिए एजेंडा तैयार हो चुका है। जल्द ही उच्चस्तर पर बैठक बुलाई जाएगी। सभी जिलों के लिए लक्ष्य निर्धारित किए जाएंगे। योजनाओं के क्रियान्वयन की परफॉरमेंस को एसीआर में दर्ज किया जाएगा।
-डॉ. पंकज कुमार पांडेय, प्रभारी सचिव स्वास्थ्य