Nainital: भंडारे में जा रहे दो चचेरे भाई नदी के तेज बहाव में बहे, एक को बचाया, दूसरे का शव बरामद
जंगल में स्थित प्राचीन मोटेश्वर महादेव मंदिर में भंडारा चल रहा था। इस दौरान दोनों भाई नदी पार कर मंदिर जा रहे थे। तभी वह दोनों बह गए।
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नैनीताल के कालाढूंगी में भंडारे में जा रहे दो चचेरे भाई नदी के तेज बहाव में बह गए। एक भाई को तो जंगल में गश्त कर रहे बीट वाचरों ने बचा लिया, लेकिन दूसरा भाई बह गया। घटना की सूचना पर तहसीलदार प्रियंका रानी के नेतृत्व में पुलिस टीम घटना स्थल पर पहुंची। ढाई घंटे की मशक्कत के बाद किशोर का शव घटना स्थल से करीब 800 मीटर दूर नदी में पड़े पेड़ से फंसा मिला। पुलिस ने शव को पंचनामे के बाद पोस्ट मार्टम के लिए भेज दिया है।
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जानकारी के अनुसार, गुरुवार को नयागांव के जंगल में स्थित प्राचीन मोटेश्वर महादेव मंदिर में भंडारा चल रहा था। जंगल में बौर नदी पार रह रही ग्रामीण आबादी भंडारे में प्रसाद ग्रहण करने के लिए नदी पार कर मंदिर में पहुंच रही थी। आज कल बरसात की वजह से नदी का जलस्तर बढ़ा हुआ है।
इसी बीच दोपहर करीब तीन बजे चचेरे भाई नितिन तिवारी(15) पुत्र राजू तिवारी निवासी पूरनपुर चकलुवा और पंकज तिवारी(16) पुत्र मोहन चंद्र तिवारी भी नदी पार कर मंदिर जाने लगे। जैसे ही दोनों भाई नदी के बीच पहुंचे तो तेज बहाव में बहने लगे। खुद को बहता देख दोनों भाई बचाओ बचाओ करके चिल्लाने लगे। तभी जंगल में गश्त कर रहे बरहैनी रेंज के बीट वाचर नरेश सैनी और हरिओम को किशोरों के चिल्लाने की आवाज सुनाई दी तो वह नदी की तरफ भागे। दोनों वचारों ने नदी में कूदकर उन्हें बचाने का प्रयास किया।
नदी के तेज बहाव में उन्होंने पंकज को तो पकड़ लिया, लेकिन नितिन बह गया। इस बीच वहां से गुजर रहे ग्रामीणों को जैसे ही इसकी सूचना लगी तो वहां लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। लोगों ने प्रशासन को घटना की सूचना दी। ग्रामीणों की मदद से पुलिस टीम ने खोजबीन शुरू की तो करीब ढाई घंटे के बाद ग्रामीणों को नीरज का शव नदी में पड़े पेड़ से मिला।