अब टैक्स जमा करने के लिए नोटिस नहीं देगा नगर निगम, ये होगा नया तरीका
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अब हाउस या व्यावसायिक टैक्स जमा कराने के लिए आपको नगर निगम की ओर से नोटिस नहीं भेजा जाएगा। बल्कि आपके मोबाइल पर एसएमएस भेजा जाएगा।
कई बार नोटिस न मिलने की वजह से लोग टैक्स जमा नहीं करा पाते। एसएमएस की व्यवस्था होने से जहां लोगों को सहूलियत मिलेगी, वहीं नगर निगम की आय में इजाफा भी होगा।
एसएमएस अलर्ट की व्यवस्था नंबर से लागू करने के लिए नगर निगम प्रशासन टैक्स देने वालों का रिकॉर्ड अपडेट करने में जुटा है। जिनका रिकॉर्ड नहीं है, सर्वे के जरिये उन्हें जोड़ने की कोशिश की जा रही है।
निगम की ओर से समय पर सूचना न मिलने के चलते तमाम लोग समय पर टैक्स नहीं जमा करा पाते हैं। इतना ही नहीं वह निश्चित समय पर टैक्स जमा करने पर मिलने वाली छूट से भी वंचित रह जाते हैं। जिसे देखते हुए यह व्यवस्था शुरू की जा रही है।
नगर निगम क्षेत्र में हैं 1,26,000 करदाता
नगर निगम क्षेत्र में करीब 1,26,000 करदाता हैं। पिछले वित्तीय वर्ष में यह आंकड़ा एक लाख के भीतर था। लेकिन, मलिन बस्तियों के शामिल होने के बाद इसकी संख्या में इजाफा हुआ है। वर्तमान की बात करें को 80 हजार हाउस टैक्स, 40 हजार मलिन बस्ती और छह हजार कॉमर्शियल टैक्स दाता हैं।
इस वर्ष 20 करोड़ का मिला है लक्ष्य
कर अधीक्षक धर्मेश पैन्यूली ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2017-18 के लिए 20 करोड़ रुपये टैक्स वसूलने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। पिछले वर्ष 2016-17 में 15 करोड़ रुपये टैक्स वसूला गया था। जबकि 2015-16 में आठ करोड़ 10 लाख रुपये का टैक्स लोगों द्वारा जमा कराया गया।
मेयर विनोद चमोली का कहना है कि एसएमएस अलर्ट व्यवस्था शुरू होने से पब्लिक के साथ ही निगम को भी फायदा होगा। इस पर काम चल रहा है। यह व्यवस्था नवंबर तक शुरू करने की पूरी कोशिश रहेगी।