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बीडीसी मेंबर की हत्या के बाद मत्था टेकने गोल्डन टेंपल गया था कातिल, इस तरह से लगा पुलिस के हाथ

Tue, 04 Sep 2018 09:59 PM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, नैनीताल
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, नैनीताल Updated Tue, 04 Sep 2018 09:59 PM IST
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Murderer went to golden temple after Bdc member Murder
मुख्य आरोपी देवेंद्र सिंह उर्फ बाऊ

उत्तराखंड में रामनगर के छोई के बीडीसी मेंबर वीरेंद्र सिंह रावत उर्फ बीरू हत्याकांड में पुलिस ने घटना के चौथे दिन मुख्य आरोपी बैलपड़ाव निवासी देवेंद्र सिंह उर्फ बाऊ और उसके दो दोस्तों को गिरफ्तार कर लिया। बाऊ को हत्या का अफसोस नहीं है। उसका कहना है कि यदि वह बीरू को नहीं मारता तो बीरू उसकी हत्या करा देता। दो महीने पहले बीरू ने भी उसकी हत्या की साजिश रची थी लेकिन वह बाल बाल बच गया था। घटना वाले दिन बीरू से हाथापाई होने पर उसने तमंचे से हत्या कर दी। इसके बाद वह अमृतसर के स्वर्ण मंदिर में मत्था टेकने चला गया था। वहां से घर लौटते ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।  

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एसएसपी जन्मेजय खंडूरी ने मंगलवार को कोतवाली में इस हत्याकांड का खुलासा किया। बाऊ ने बताया कि बीरू ने हेमंत हत्याकांड में उसकी जमानत जरूर कराई, लेकिन सुपारी की शेष राशि नहीं दी। हर तारीख में उसका 22 हजार रुपये से अधिक का खर्चा आता था। तंगहाली के कारण घर वालों को प्लॉट तक बेचना पड़ा। बकाया मांगने पर बीरू जान से मारने की धमकी देने लगा तो वह उससे रंजिश रखने लगा।
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 घटना वाले दिन बांसखेड़ा गांव काशीपुर आईटीआई निवासी बुआ का बेटा दर्शन सिंह और तल्ला बंदरजूड़ा निवासी चाचा का बेटा गुरुप्रीत सिंह गोपी उसके साथ थे। गैबुआ निवासी सोनू कांडपाल ने उसे बताया था कि बीरू तारीख पर अकेले आ रहा है। उसकी भी उसी दिन कोर्ट में तारीख थी, लेकिन कोर्ट में जाने से पहले ही उसकी बीरू से कहासुनी हो गई तो वह कोर्ट में नहीं गया और बीरू के लौटने का इंतजार करने लगा। दोबारा कहासुनी की नौबत हाथापाई तक पहुंची। आत्म सम्मान पर बात आई तो उसने तमंचा निकालकर लोड किया। तमंचा देखते ही बीरू वहां से भागने लगा तो उसने पीछे से गोली मार दी। इसके बाद वह अपने साथियों के साथ कार से भाग निकला और पानी की टंकी के पास कार छोड़कर जंगल में चला गया था।
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बाऊ ने बताया कि उसका बीरू की हत्या करने का इरादा नहीं था। वहीं, दर्शन सिंह और गुरुप्रीत सिंह ने बताया कि वह मारपीट करने आए थे, लेकिन उन्हें पता नहीं था कि बाऊ बीरूकी हत्या कर देगा। बाऊ ने बताया कि हत्या के बाद वह हल्द्वानी से अमृतसर पंजाब गया। मन्नत पूरी होने पर उसने स्वर्ण मंदिर में मत्था टेका।

ऐसे हुई अभियुक्तों की गिरफ्तारी

Murderer went to golden temple after Bdc member Murder
बीडीसी सदस्य वीरेंद्र मनराल की गोली मारकर हत्या - फोटो : amar ujala

संजय नेगी और हरीश फर्त्याल की कोई भूमिका नहीं
बाऊ ने बताया कि बीरू की हत्या में ग्राम छोई निवासी हरीश फर्त्याल और ब्लॉक प्रमुख संजय नेगी की कोई भूमिका नहीं है। एसएसपी जन्मेजय खंडूरी ने बताया कि जांच में ब्लॉक प्रमुख के संबंध में साक्ष्य नहीं मिले हैं। फिर भी नामजद आरोपियों की निष्पक्ष जांच की जाएगी। अभी पुलिस किसी को भी क्लीन चिट नहीं दे रही है। जांच पूरी होने के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा।  

ऐसे हुई अभियुक्तों की गिरफ्तारी
पुलिस को सूचना मिली कि बाऊ अपने साथियों के साथ बैलपड़ाव स्थित अपने घर रुपये और सामान लेने आया है। सूचना मिलते ही कोतवाल विक्रम सिंह राठौर फोर्स लेकर गांव पहुंचे और तीनों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त 315 बोर का तमंचा भी बरामद कर लिया है। कोतवाल ने बताया कि घटना के बाद कई मोबाइल नंबर ट्रैस किए गए। पीलीभीत यूपी निवासी एक रिश्तेदार की बाऊ से बात हुई तो उसका नंबर ट्रैस कर दबाव बनाने पर ही बाऊ को गिरफ्तार किया जा सका। तमंचा मिलने पर पुलिस ने बाऊ पर 26 आर्म्स एक्ट की धारा बढ़ाई है।

बाऊ पर दर्ज हैं छह मुकदमे
वैसे तो बाऊ ने पिस्टल चुराकर अपराध की दुनिया में एंट्री की थी। उस पर पहला मुकदमा हेमंत फर्त्याल की हत्या का दर्ज हुआ। बाद में अवैध तमंचा रखने समेत 2017 में रामनगर थाने में धमकी देने का मुकदमा भी दर्ज हुआ। 2017 में बाजपुर थाने में चोरी का प्रयास, अवैध तमंचा रखने का मुकदमा दर्ज हुआ था। अब रामनगर थाने में बीडीसी मेंबर की हत्या का भी मुकदमा दर्ज किया गया है।    

 

बाऊ को देखने थाने में पहुंची भीड़

Murderer went to golden temple after Bdc member Murder
arresting

हत्यारों का प्रोफाइल
1. देवेंद्र सिंह उर्फ बाऊ पुत्र सुरजीत सिंह निवासी बैलपड़ाव
शिक्षा - 10वीं
बैलपड़ाव में इलेक्ट्रिकल शॉप
2. दर्शन सिंह पुत्र दिलबाग सिंह निवासी अलीगंज रोड बांसखेड़ा काशीपुर
शिक्षा - 10वीं
पिता किसान हैं।
रिश्ता - बाऊ की बुआ का लड़का
3. गुरुप्रीत सिंह उर्फ गोपी पुत्र मेजर सिंह निवासी बैलपड़ाव
शिक्षा - 12वीं
पिता किसान हैं।  
रिश्ता - बाऊ के चाचा का लड़का

आरोपियों को गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम
कोतवाल विक्रम सिंह राठौर, एसएसआई कश्मीर सिंह, चौकी प्रभारी पीरूमदारा विपिन चंद्र जोशी, चौकी प्रभारी बैलपड़ाव सुशील चंद्र जोशी, चौकी प्रभारी मालधनचौड़ मुनव्वर हुसैन, दरोगा कविंद्र शर्मा, एचसीपी नंदन सिंह नेगी, सिपाही संजय कुमार, एजाज अहमद, लक्खा सिंह समेत सर्विलांस टीम दरोगा दिनेश चंद्र पंत और उनकी टीम।  

बाऊ को देखने थाने में पहुंची भीड़
कोतवाली थाने में जिस समय बाऊ को मीडिया के समक्ष पेश किया। उस दौरान थाने में भीड़ आ गई। इससे पुलिस के हाथ पांव फूल गए और आरोपियों को थाने की हवालात में बंद करना पड़ा। सूत्रों की मानें तो भीड़ में मदनपुर बोरा छोई के लोग भी शामिल थे। पुलिस को पहले से ही इसका अंदेशा था।  

 

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