दहेज के लिए गर्भवती पत्नी के पेट में मारी लात, मौत
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नैनीताल जिले के रामगढ़ ब्लाक के गहना पोखरी गांव में दहेज के लिए गर्भवती की हत्या कर दी गई। महिला का शव शनिवार सुबह घर के आंगन में पड़ा मिला।
उसके शरीर में चोट के निशान हैं और मुंह से खून निकल रहा था। राजस्व पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए नैनीताल भिजवा दिया है। देर शाम मामले में महिला के भाई ने पति और देवर के खिलाफ मुक्तेश्वर थाने में दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है। महिला का नौ माह पूर्व विवाह हुआ था।
जानकारी के अनुसार शनिवार सुबह ग्राम प्रधान प्रेमा देवी ने तहसील प्रशासन को सूचना दी कि गांव के मनोज सिंह देवलिया की पत्नी रेनू (21) का शव उसके घर के आंगन में पड़ा है। सूचना मिलते ही तहसीलदार भुवन चंद्र कांडपाल राजस्व टीम को लेकर मौके पर पहुंचे।
तब तक ग्रामीणों की भीड़ जुट गई थी। तहसीलदार ने बताया कि रेनू के शरीर में कई जगह चोट के निशान हैं। पोस्टमार्टम के बाद ही मौत के असल कारणों का पता चलेगा। उन्होंने बताया कि प्रारंभिक जांच में शव जिस हालत में मिला, उसके बाद इसे राजस्व पुलिस ने हत्या माना है।
रेनू गर्भवती थी। मनोज घर में रहकर खेतीबाड़ी करता है। रेनू की मौत की खबर मिलने के बाद उसके मायके पक्ष के लोग भी गांव पहुंच गए थे।
सास ने मौन साधा, पति सामने नहीं आया
इधर, मुक्तेश्वर के थाना प्रभारी रवींद्र कुमार कौशल ने बताया कि रामगढ़ ब्लाक के ग्रामसभा किलौर पट्टी देवद्वारों निवासी मनोज सिंह नेगी ने थाने में तहरीर देकर रेनू के पति मनोज देवलिया और देवर कुंदन सिंह के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है।
मनोज नेगी रेनू का भाई है। मनोज ने तहरीर में लिखा है कि अप्रैल 2014 में उसकी बहन का विवाह हुआ था। विवाह के बाद से ही रेनू का पति मनोज सिंह देवलिया और देवर कुंदन सिंह उसे दहेज के लिए प्रताड़ित करते थे।
शुक्रवार रात भी इसी बात को लेकर पति और देवर ने रेनू के पेट में लात-घूंसे मारे, जिससे उसकी मौत हो गई। थानाध्यक्ष ने बताया कि पति और देवर के खिलाफ आईपीसी की धारा-498, 304-बी, 325 और 314 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
रेनू की मौत की सूचना के बाद जब तहसीलदार बीसी कांडपाल और राजस्व विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे तो शव के इर्दगिर्द रेनू के मायके से आए लोग और ग्रामीण ही मौजूद थे।
तहसीलदार ने बताया कि इस संबंध में जब उन्होंने रेनू की सास से पूछताछ की तो उसने मौन साध लिया और कुछ नहीं बताया। उन्होंने बताया कि रेनू का पति मनोज उनके सामने नहीं आया। जिसके चलते उससे पूछताछ नहीं हो सकी। इधर, मुक्तेश्वर थानाध्यक्ष के मुताबिक रेनू की मौत के बाद मायके वालों को यह बताया गया था कि रेनू ने जहर खा लिया है।