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उत्तराखंडः खेत में काम करते हुए किसानों को मिले इतने नोट कि फटी रह गईं आंखें

Mon, 17 Apr 2017 12:22 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, हल्द्वानी
ब्यूरो/अमर उजाला, हल्द्वानी Updated Mon, 17 Apr 2017 12:22 AM IST
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millions of one thousand rupees note  found in the field
money - फोटो : amarujala

खेत में काम करते हुए किसनों को इतनी संख्या में नोट मिले कि उनकी आंखें फटी रह गईं।

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रामपुर रोड से सटे चांदनी चौक गरवाल स्थित खेत में गेहूं की कटाई के दौरान पॉलिथीन में एक-एक हजार रुपए के पुराने कटे फटे नोट मिले हैं। आशंका है कि नोटबंदी के बाद पकड़े जाने के डर से किसी ने लाखों रुपये के नोट नहर में बहा दिए होंगे।

नहर से बहते हुए नोट खेत में पहुंच गए। कोतवाली पुलिस ने नोटों को कब्जे में लेकर आयकर विभाग को अवगत कराया है।  चांदनी चौक गरवाल हरिपुर जमन सिंह निवासी नंदन सिंह नैनवाल ने पुलिस को सूचना दी कि शनिवार दोपहर उसके खेत में गेहूं की कटाई चल रही थी।
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अचानक एक महिला की दरांती पॉलिथीन पर पड़ गई। पॉलिथीन में 1000-1000 रुपये के कटे फटे ढेरों नोट देखकर महिला घबरा गई। यह सूचना तेजी से चारों ओर फैली और काफी लोग देखने के लिए मौके पर इकट्ठा हो गए।
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घटना की सूचना मिलने के बाद कोतवाल आरएस मेहता और चौकी प्रभारी हरेंद्र सिंह नेगी ने मौके का जायजा लेने के बाद पूछताछ की।

नहर में बहे नोटों की याद ताजा हो गई 

millions of one thousand rupees note  found in the field
money - फोटो : amarujala

ग्रामीणों का अनुमान है कि नोटों से भरी पॉलिथीन नहर से बहकर दो-तीन महीने पहले खेत में आई होगी। ​उस समय फसल होने के कारण किसी का ध्यान पॉलिथीन पर नहीं गया।

कटे-फटे होने के कारण नोटों को गिनना काफी मुश्किल है। संभावना जताई जा रही है कि नोट दस लाख से अधिक के होंगे। कोतवाल का कहना है कि इस मामले में आयकर विभाग को सूचना दी गई है। 

खेत से कटे नोट मिलने के बाद लोगों को विधानसभा चुनाव से पहले दमुवाढृंगा क्षेत्र में नहर में बहाए गए नोटों की याद ताजा हो गई। तब काला धन बहाने वाले का पता नहीं चल पाया था।

लोगों का कहना था कि नोट फेंकने वाले ने पूरा नोट यदि फेंका होता तो नोटबंदी के दौरान भी लोगों के काम आ सकता था। नोटों के मालिक ने नोटों को किसी काम का नहीं छोड़ा है और उसने फंसने के भय से नोटों को फाड़ डाला है।

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