फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Loot in army officer house Money school bag and Alcohol bottles theft

फौजी के घर में चोरों ने लगाई सेंध, पैसे और जेवरात ही नहीं स्कूल बैग और शराब की पेटी तक ले गए

Wed, 17 Oct 2018 08:51 AM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, कोटद्वार
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, कोटद्वार Updated Wed, 17 Oct 2018 08:51 AM IST
विज्ञापन
Loot in army officer house Money school bag and Alcohol bottles theft
कमरे में बिखरा पड़ा सामान - फोटो : demo pic

उत्तराखंड में कोटद्वार के रतनपुर गांव में रविवार रात चोरों ने एक फौजी के बंद घर के ताले तोड़कर वहां रखी नकदी व जेवरात पर हाथ साफ कर दिया। घर से लौटकर फौजी ने कोतवाली पुलिस को घटना की जानकारी दी।

विज्ञापन


एक सप्ताह के भीतर क्षेत्र में तीन चोरियां होने से लोगों ने पुलिस की गश्त और कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। फौजी अनूप सिंह ने बताया कि बालासौड़-रतनपुर संपर्क मार्ग पर उनका घर है। शनिवार सुबह वह परिवार समेत अपने गांव वत्सला तल्ला (रिखणीखाल) में धार्मिक पूजन अनुष्ठान में शामिल होने गए थे।
विज्ञापन


उन्होंने पड़ोसियों को देखरेख करने को कहा था। सोमवार रात जब पड़ोसी सोने के लिए उनके घर पहुंचे तो घर के मेन गेट का ताला टूटा हुआ मिला। उन्होंने घर में चोरी होने की जानकारी दी। अनूप सिंह ने बताया कि मंगलवार दोपहर को वह कोटद्वार पहुंचे और घटना की जानकारी पुलिस को दी।

विज्ञापन
विज्ञापन

ताला तोड़कर घर में घुसे

अनूप सिंह ने बताया कि चोर मेन गेट का ताला तोड़कर घर में घुसे थे। उन्होंने सभी कमरे खंगाले हैं। चोर कान के झुमके, बच्चों के गले के दो जोड़ी हंसुले, तीन मोबाइल और चार्जर, एक पेटी शराब, बच्चों के स्कूल बैग और 25 हजार की नकदी ले उड़े।

उधर, क्षेत्र में चोरों की सक्रियता से जनप्रतिनिधियों ने पुलिस की गश्त और कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। पूर्व बीडीसी सदस्य राजेंद्र अणथ्वाल और विजय ध्यानी ने कहा कि क्षेत्र में चोरी की तीन वारदातें हो चुकी हैं।

बालासौड़ में किराए में रह रही एक शिक्षिका के कमरे का ताला तोड़कर चोर उनका लैपटॉप ले उड़े। एक अन्य घर में भी चोरी की घटना हो चुकी है। उन्होंने पुलिस क्षेत्राधिकारी को पत्र लिखकर रात्रि गश्त तेज करने और घटनाओं की पुनरावृत्ति पर रोक लगाने की मांग की है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed