सत्ता संग्राम: 'पांचवे धाम' पर मचा घमासान, भाजपा नेता बोले-सैनिक सम्मान से कांग्रेस को एलर्जी
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उत्तराखंड में पांचवे धाम का लेकर कांग्रेस की शिकायत पर भाजपा ने कांग्रेस पर आरोप लगाया है कि उन्हें सैनिकों के शौर्य एवं सम्मान से एलर्जी है। पार्टी के प्रदेश मीडिया प्रभारी डा. देवेंद्र भसीन ने कहा कि कांग्रेस ने एक तरफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उत्तराखंड को सैन्य धाम कहने पर आपत्ति की और दूसरी तरफ मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के देहरादून में बन रहे शौर्य स्थल को सैन्य धाम कहे जाने पर चुनाव आयोग से शिकायत की है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस की सोच इतनी गिर गई है कि उसके नेता थल सेनाध्यक्ष को अपशब्द कहते हैं और वायुसेना अध्यक्ष के खिलाफ टिप्पणी करते हैं। सेना ने पाकिस्तान में घुसकर आतंकी ठिकानों को तबाह कर दिया, लेकिन कांग्रेस सर्जिकल स्ट्राइक का सबूत मांग रही है। ऐसी हालत में कांग्रेस द्वारा सैन्य धाम व शौर्य स्थल पर जो आपत्ति की गई है वह कांग्रेस के चरित्र को प्रदर्शित करती है।
कांग्रेस के मुंह से अच्छी नहीं लगती चार्जशीट की बात : भसीन
भाजपा सरकार के खिलाफ चार्जशीट लाने के कांग्रेस नेतृत्व के बयान पर भाजपा ने आपत्ति जताई है। भाजपा नेतृत्व का कहना है कि जिस पार्टी के अध्यक्ष सहित अन्य बड़े नेता आपराधिक मामलों में जमानत पर हों, उनके मुंह से चार्ज शीट की बात अच्छी नहीं लगती। मीडिया प्रभारी डॉ. देवेंद्र भसीन ने कहा कि कांग्रेस भ्रष्टाचार की जननी है। उत्तराखंड में भी कांग्रेस के कई नेता भ्रष्टाचार के मामलों में लिप्त हैं।
उन्होंने कहा कि केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व उनकी सरकार पर भ्रष्टाचार का एक भी आरोप नहीं लगा। इसी प्रकार प्रदेश में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत व उनकी सरकार पर भी कोई आरोप नहीं हैं। ऐसे में कांग्रेस के पास कोई मुद्दा नहीं है। वह केवल झूठ बोलने व भ्रम फैलाने का ही काम करती है ।
शौर्य स्थल पर घोषणा का आयोग ने लिया संज्ञान
शौर्य स्थल को पांचवां धाम बनाने की सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत की घोषणा का निर्वाचन आयोग ने संज्ञान ले लिया है। अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी वी षणमुगम ने टिहरी लोकसभा सीट के रिटर्निंग ऑफिसर को इस मामले का परीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। निर्वाचन आयोग ने इस संबंध में मीडिया में चली रिपोर्ट का जिक्र करते हुए कार्रवाई करने के लिए कहा है, हालांकि इस मामले में लिखित शिकायत कांग्रेस की तरफ से निर्वाचन आयोग को भेजी गई है।
पीएम नरेंद्र मोदी ने 28 मार्च को रुद्रपुर रैली में उत्तराखंड को पांचवां धाम बतौर संबोधित किया था। इसकी वजह उन्होंने उत्तराखंड की सैन्य भूमि होने को बताया था। इसके अगले दिन एक कार्यक्रम में सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने शौर्य स्थल को पांचवां धाम बनाने की घोषणा की थी। इस पर एतराज जताते हुए कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने निर्वाचन आयोग को लिखित शिकायत भेज दी थी।
शिकायत में कहा था कि भारत निर्वाचन आयोग चुनाव में सेना से संबंधित किसी भी मामले का जिक्र न करने को लेकर पूर्व में आगाह कर चुका है, इसके बावजूद इसका ध्यान नहीं रखा जा रहा है। सीएम की शौर्य स्थल पर घोषणा को कांग्रेस ने चुनाव आचार संहिता का खुला उल्लंघन बताते हुए कार्रवाई की मांग की थी। निर्वाचन आयोग ने इस संबंध में मीडिया में चली खबरों का संज्ञान लेते हुए परीक्षण के निर्देश जारी कर दिए हैं।