स्कूल में पढ़ रहे थे बच्चे, आ धमका गुलदार, मची अफरातफरी
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पौड़ी के यमकेश्वर ब्लॉक के तल्ला ढांगू के कोटा गांव में आदमखोर गुलदार का खतरा फिर बढ़ने लगा है। शुक्रवार को करीब साढ़े 11 बजे गुलदार गांव के राजकीय प्राथमिक विद्यालय में आ धमका। गनीमत रही कि भोजन माता ने उसे देख लिया और शोर मचा कर सबको सचेत किया। गुलदार की धमक से स्कूल में अफरातफरी मच गई। सभी बच्चों को किसी तरह सुरक्षित गांव पहुंचाया गया।
शुक्रवार को दिन दहाड़े गुलदार राजकीय प्राथमिक विद्यालय की दीवार पर घात लगाकर बैठ गया था। वहां काम रही भोजन माता सीता देवी और राजी देवी की नजर उस पर पड़ गई। उन्होने तुंरत शोर मचाकर सबको सचेत किया।
गुलदार को देखते ही स्कूल में अफरातफरी मच गई। शिक्षक और भोजन माताओं ने किसी तरह तीस बच्चों को सुरक्षित गांव तक पहुंचाया।
गुलदार की दहशत से पंचायत भवन में शिफ्ट हुआ स्कूल
स्कूल गांव से करीब एक किलोमीटर दूर है और अलग-अलग तोकों से आने वाले बच्चे जंगल का रास्ता तय करके आते हैं। खतरे को देखते हुए ग्राम पंचायत ने स्कूल की कक्षाओं को गांव के बीच में स्थित पंचायत भवन में शिफ्ट करा दिया है। शनिवार को कक्षाएं पंचायत भवन में लगाई गईं। राजस्व उपनिरीक्षक दिनेश सिंह बिष्ट ने बताया कि इसकी सूचना उच्च अधिकारियों को दी गई है।
राजाजी टाइगर रिजर्व के बफर जोन से सटे कोटा गांव में बारह जून को गुलदार के हमले का शिकार बने दस वर्षीय अभिषेक की मौत की घटना के लगभग एक महीने बाद भी जिला प्रशासन ने कोई सबक नहीं लिया।
अगर लिया होता तो अब तक आदमघोर गुलदार यूं गांव में खुलेआम न मंडरा रहा होता और लोग पलायन को मजबूर न होते। गुलदार की दहशत के चलते अब तक गांव से तीन परिवार पलायन कर चुके हैं। खतरा बढ़ता ही जा रहा है।