फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   kailas mansarover new route

कैलास मानसरोवरः रावत नहीं मोदी के साथ है संत समाज

Sun, 21 Sep 2014 10:12 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, हरिद्वार
ब्यूरो/अमर उजाला, हरिद्वार Updated Sun, 21 Sep 2014 10:12 AM IST
विज्ञापन
kailas mansarover new route

कैलास मानसरोवर की यात्रा के लिए सिक्किम से नया रास्ता खोलने का हरिद्वार के कई साधु-संतों ने स्वागत किया है। धर्मज्ञों का कहना है कि वक्त के साथ नई मान्यताएं स्थापित होती रहती हैं।

विज्ञापन


पहले बदरीनाथ सहित चारधाम की यात्रा पैदल हुआ करती थी। अब सरकार खुद हेलीकाप्टर उड़ाकर बदरी-केदार पहुंच रही है और यात्रियों को भी ले जा रही है।

गंगा सभा के अध्यक्ष अशोक त्रिपाठी का कहना है कि मुख्यमंत्री उस रास्ते का विरोध कर रहे हैं, जिससे लाखों श्रद्धालु वाहनों में बैठकर कैलास मानसरोवर जा सकते हैं। वृद्ध और लाचार भी मानसरोवर की यात्रा कर सकेंगे।
विज्ञापन


जूना अखाड़े के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रेम गिरि कहते हैं कि यात्राओं के नए रूट तो खुलते ही रहते हैं। शहरों का विकास होता है तो कारोबार बढ़ता है, घटता नहीं। कैलास की पैदल यात्रा में तीर्थ यात्रियों को लाटरी सिस्टम से जाना पड़ता है और भारी परेशानियां उठानी पड़ती है। नया रास्ता खुलने से अब पर्यटक भी इस अनूठी यात्रा का आनंद ले सकेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

और भी नए मार्ग खुले तो भला होगा

kailas mansarover new route
नया मार्ग निश्चिय ही आनंद दायक होगा। यात्रियों के सिक्किम के साथ-साथ चीन भ्रमण का आनंद भी मिल जाएगा। यह रास्ता तिब्बत से गुजरेगा अत: तिब्बत देखने का मौका भी मिलेगा। नया मार्ग का विरोध बेमानी है। - स्वामी सत्यमित्रानंद गिरि, संस्थापक भारत माता मंदिर।

नया रास्ता खुलना बड़ा कदम
प्रधानमंत्री के प्रयासों से कैलाश जाने का नया मार्ग खुल गया है। अब तीर्थ यात्रियों को न तो गहन स्वास्थ्य परीक्षण की आवश्यकता पड़ेगी और न ही कई दिनों तक दुरु ह रास्तों से पैदल चलना पड़ेगा। नया मार्ग स्वागत योग्य है। सभी यात्राएं पहले पैदल होती थी, आखिर सभी यात्राओं के पैदल रूट बंद हो गए। नयापन बुरा नहीं है। - श्रीमहंत हरि गिरि, महामंत्री अखाड़ा परिषद।

देश की नब्ज जानते हैं नरेंद्र मोदी
हरिद्वार। प्रधानमंत्री देश वासियों की नब्ज भली-भांति पहचानते हैं। करोड़ों हिंदुओं की भावना कैलाश जाने की है। अभी तक प्रतिवर्ष एक हजार यात्री ही जा पाते थे। नया रास्ता खुल जाने से कैलाश मानसरोवर का तीर्थाटन बहुत बढ़ेगा। नए रास्ते से टूरिस्ट भी यात्रा का आनंद उठा सकेंगे।
-आचार्य बालकृष्ण, महामंत्री पतंजलि योगपीठ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed