जनता हादसाः रेलकर्मियों पर जांच की आंच
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देहरादून स्टेशन के आठ रेल कर्मचारियों की जनता एक्सप्रेस हादसे की जांच टीम के सामने मंगलवार को लखनऊ में पेशी हुई।
इनमें मेंटीनेंस, गार्ड और लोको सेक्शन स्टाफ शामिल है। मामले में कुछ और कर्मचारियों से पूछताछ होनी है। इस बाबत जल्द ही जांच टीम दून आने की संभावना है।
शुक्रवार को रायबरेली के पास बछरावां में दून से वाराणसी जा रही जनता एक्सप्रेस दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। ‘अमर उजाला’ ने 14 मार्च के अंक में खुलासा किया था कि दून से रवाना होने से पहले जनता एक्सप्रेस की ठीक से मरम्मत नहीं होती। इसके बाद रेलवे ने दून स्टेशन कर्मचारियों को भी जांच के दायरे में लिया है।
दरअसल, दून से जनता एक्सप्रेस को ले जाने वाले लोको पायलट (ट्रेन ड्राइवर), असिस्टेंट लोको पायलट और गार्ड मुरादाबाद जंक्शन पर बदल जाते हैं। वहां से दूसरा स्टाफ ट्रेन को आगे ले जाता है।
मेंटीनेंस मैकेनिकल स्टाफ हैं कर्मचारी
सूत्रों के अनुसार दून से ‘जनता’ को ले जाने वाले लोको पायलट (ट्रेन ड्राइवर), असिस्टेंट लोको पायलट, गार्ड, दून स्टेशन पर मेंटीनेंस मैकेनिकल स्टाफ के कुछ कर्मचारियों और दो अफसरों को लखनऊ बुलाया गया था। मंगलवार को रेल संरक्षा आयुक्त की टीम ने लखनऊ में दून स्टेशन के रेलकर्मियों से पूछताछ की।
लोको पायलट और असिस्टेंट लोको पायलट से पूछा गया कि, ‘दून से मुरादाबाद तक ट्रेन के इंजन, ब्रेक या दूसरे हिस्से में खामियां तो नहीं थी?’ बाकी कर्मचारियों से भी गहराई से पूछताछ कर जानकारी जुटाई जा रही है।
आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि अभी जांच के दायरे में आए रेलकर्मियों से पूछताछ हो रही है। पुष्टि और तकनीकी जांच के लिए जल्द संरक्षा आयुक्त की टीम दून स्टेशन पहुंचेगी।