{"_id":"58c240754f1c1b5e3ddc6aea","slug":"investigation-on-nh-74-land-compensation-scam","type":"story","status":"publish","title_hn":"NH 74 के भूमि मुआवजा घोटाले में ऊधमसिंह नगर के 34 अफसरों पर जांच की आंच","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
NH 74 के भूमि मुआवजा घोटाले में ऊधमसिंह नगर के 34 अफसरों पर जांच की आंच
भास्कर पोखरियाल/ अमर उजाला, रुद्रपुर
Updated Fri, 10 Mar 2017 11:28 AM IST
विज्ञापन
घोटाला
- फोटो : demo pic
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तराखंड में जसपुर से लेकर सितारगंज तक बन रहे एनएच-74 के भूमि मुआवजा घोटाले में ऊधमसिंह नगर के 34 अफसर जांच के दायरे में आ रहे हैं।
विज्ञापन
शासन स्तर पर आयुक्त कुमाऊं मंडल की अध्यक्षता में चार सदस्यीय जांच टीम का गठन भी कर दिया गया है। हालांकि उक्त टीम ने अभी जांच शुरू नहीं की है, लेकिन डीएम अपने स्तर से जांच में जुटे हुए हैं। भूमि मुआवजे में कुमाऊं कमिश्नर ने बीते एक मार्च को 118 करोड़ रुपये के घोटाले की आशंका जताई थी। इसमें कुमाऊं कमिश्नर ने जिले के अफसरों को कार्रवाई के संकेत भी दे दिए थे।
विज्ञापन
भूमि मुआवजा घोटाले में जो अफसर जांच के दायरे में हैं, उनमें चार एसडीएम, चार तहसीलदार, 18 पटवारी और 8 कानूनगो शामिल हैं। घोटाले की जांच के लिए कुमाऊं कमिश्नर की अध्यक्षता में चार सदस्यीय कमेटी गठित की गई है, उसमें सचिव राजस्व परिषद एसएम पांडे, एडीएम जगदीश कांडपाल और चीफ इंजीनियर पीडब्ल्यूडी कुमाऊं को शामिल हैं। हालांकि इस टीम में जांच अभी शुरू नहीं की है, लेकिन अधिकारियों में हड़कंप मचा हुआ है। काउंटिंग के बाद जांच में दोषी अधिकारियों के कार्रवाई तय मानी जा रही है।
विज्ञापन
सूत्रों का कहना है कि ऊधमसिंह नगर में जमीनों के मामले में लैंड यूज बदलने की कार्रवाई में कई एसडीएम ने एक ही दिन में 120 कृषि भूमि को कॉमर्शियल में दर्शाकर अपने अधिकारों का दुरुपयोग किया है। ऐसे में जमीनों के मामलों में हर दिन सैकड़ों की संख्या पार कर दी। अब जांच कमेटी अगर निष्पक्ष जांच करती है तो 34 अफसरों का नपना तय माना जा रहा है। कुमाऊं कमिश्नर डी सेंथिल पांडियन का कहना है कि जांच पूरी तरह से निष्पक्ष होगी और जो-जो अधिकारी इसमें लिप्त पाए जाएंगे उनके खिलाफ विभागीय कठोर कार्रवाई होगी।
सभी प्रशासनिक अधिकारी फिलहाल विधानसभा चुनाव की मतगणना की तैयारियों में जुटे हैं। मतगणना प्रभावित न हो इसलिए 11 तारीख के बाद ही भूमि मुआवजा की जांच में हुए घोटाले पर एक्शन लिया जाएगा। दोषी पाए जाने पर अधिकारियों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
- चंद्रेश कुमार, डीएम, ऊधमसिंह नगर
बैंक खाते सबसे ज्यादा रकम काशीपुर से रुद्रपुर के बीच जमा हुई
महानिदेशक जांच अनवेषण आयकर विभाग लखनऊ को भेजे शिकायती पत्र और राष्ट्रीय पार्टी के नाम से देहरादून में खोले गए खाते में बैंक का जो ब्यौरा सम्मिलित किया गया है उसमें सबसे मोदी रकम काशीपुर से रुद्रपुर के बीच जमा होनी दर्शाई गई है। इसमें पांच लाख रुपये से लेकर 32 लाख रुपये और 61 लाख रुपये तक की मोटी रकम पार्टी के नाम खाते में जमा की गई है। दिसंबर-2016 में खोले गए खाते में जनवरी 2017 से मोटी रकम जमा होने का सिलसिला शुरू हो गया। किच्छा तहसील क्षेत्र के बरा निवासी रामनारायण गंगवार की ओर से हाईकोर्ट में दायर याचिका में बैंक स्टेटमेंट का ब्यौरा भी शामिल किया गया है। एनएच-74 के भूमि मुआवजे में भी सबसे ज्यादा जमीन काशीपुर से लेकर रुद्रपुर तक कई किसानों की भूमि अधिग्रहित की गई है, जिसमें मुआवजा राशि भी मोटी रकम के तौर पर वितरित की गई है।