{"_id":"647507be13ba10471e0f00f6","slug":"inquiring-about-the-properties-of-ram-vilas-dehradun-news-c-5-1-drn1007-167320-2023-05-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Dehradun: पूर्व आईएएस रामविलास यादव से ईडी ने की पूछताछ, उत्तराखंड-यूपी की संपत्तियों को लेकर जुटा रही ब्योरा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Dehradun: पूर्व आईएएस रामविलास यादव से ईडी ने की पूछताछ, उत्तराखंड-यूपी की संपत्तियों को लेकर जुटा रही ब्योरा
Tue, 30 May 2023 10:47 AM IST
देहरादून ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: देहरादून ब्यूरो
Updated Tue, 30 May 2023 10:47 AM IST
सार
आय से अधिक संपत्ति के मामले में विजिलेंस ने यादव को पिछले साल 23 जून को गिरफ्तार किया था। जांच में पाया गया था कि यादव ने तीन साल के कार्यकाल में आय से 2600 फीसदी अधिक संपत्ति बनाई है। तभी से यादव जेल में बंद हैं।
विज्ञापन
पूर्व आईएएस रामविलास यादव
- फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
विस्तार
पूर्व आईएएस रामविलास यादव को हिरासत में लेकर ईडी ने लगातार चार दिन तक पूछताछ की। उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश में उनकी संपत्तियों के संबंध में दस्तावेज भी मांगे गए। उनकी उत्तराखंड में भी विभिन्न जगहों पर आठ संपत्तियां हैं। इनमें से ज्यादातर देहरादून में हैं। इसके अलावा पैतृक गांव में भी आलीशान मकान और खेतीबाड़ी की जमीन है। ईडी रामविलास को आज जेल में दाखिल करेगी।
विज्ञापन
आय से अधिक संपत्ति के मामले में विजिलेंस ने यादव को पिछले साल 23 जून को गिरफ्तार किया था। जांच में पाया गया था कि यादव ने तीन साल के कार्यकाल में आय से 2600 फीसदी अधिक संपत्ति बनाई है। तभी से यादव जेल में बंद हैं।
विज्ञापन
Corbett Tiger Reserve: शिकारियों के चंगुल में फंसी बाघिन हुई बुरी तरह घायल, पेट में धंसा मिला तार का फंदा
विज्ञापन
इसी बीच ईडी ने भी यादव के खिलाफ जांच शुरू की। पिछले दिनों ईडी ने उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज 20 मई को औपचारिक गिरफ्तारी की थी। न्यायालय के आदेश पर ईडी ने 26 मई को चार दिन की हिरासत में लेकर उनसे पूछताछ की। बारी-बारी से तीन अधिकारियों ने यादव से पूछताछ की। पत्नी के नाम पर संचालित ट्रस्ट की आय का भी ब्योरा तलब किया गया।
आलीशान कोठी के बाहर लिखा है पंचायत घर
यादव ने अपने गांव में चार साल पहले आलीशान कोठी बनाई थी। कोठी के बाहर पंचायत घर लिखा हुआ है। गांव में 10 बीघा खेती की जमीन भी है। इस जमीन पर फसलों की जानकारी भी ईडी ने ली। लेकिन, वह फसल बिक्री का प्रमाण नहीं दे सके।