इंडेन गैस सर्विस के नए नंबर उपभोक्ताओं के लिए बने मुसीबत
इंडेन गैस सर्विस की ओर बुकिंग और रिफिल के लिए जारी मोबाइल और व्हाट्सएप नंबर उपभोक्ताओं के लिए मुसीबत बन गए हैं। नंबर पर या तो संपर्क नहीं हो रहा है या अधिकांश समय व्यस्त चल रहा है। वहीं, बुकिंग के लिए जारी व्हाट्सएप नम्बर पर भी समस्या आ रही है। ऐसे में हजारों उपभोक्ता गैस बुकिंग नहीं कर पा रहे हैं।
दरअसल, एक नवंबर से देशभर में ऑनलाइन गैस बुकिंग अनिवार्य कर दी गई है। बिना ओटीपी के उपभोक्ताओं को गैस नहीं दी जाएगी। एक नवंबर से इंडेन गैस सर्विस ने भी देशभर में गैस रिफिल और बुकिंग के लिए नए नंबर जारी कर दिए हैं। पुराना नंबर इंडेन गैस सर्विस ने 31 अक्तूबर से बंद कर दिया है।
अब इंडेन के यह नए नंबर उपभोक्ताओं के लिए मुसीबत बन गए हैं। कई कोशिशों के बाद भी नए नंबरों पर न तो गैस रिफिल हो पा रही है और न ही बुकिंग। ऐसे में जिन उपभोक्ताओं को तत्काल गैस की आवश्यकता है, उन्हें भटकना पड़ रहा है।
यह नंबर किए हैं जारी
रिफिल नंबर- 7718955555
बुकिंग व्हाट्सएप नंबर- 7588888824
हजारों उपभोक्ताओं के नंबर भी पंजीकृत नहीं
हजारों उपभोक्ता ऐसे भी हैं, जिन्होंने अभी तक अपना नंबर गैस एजेंसी में पंजीकृत नहीं कराया है। जबकि, गैस बुकिंग के लिए नंबर पंजीकृत होना जरुरी है। हालांकि, कंपनी का दावा है कि बिना पंजीकृत नंबर से भी गैस बुकिंग हो सकती है, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है।
कंज्यूमर नंबर की जगह मांगी जा रही आईडी
पहले गैस बुकिंग लिए कंज्यूमर नंबर मांगा जाता था, लेकिन अब कंज्यूमर आईडी मांगी जा रही है। हालांकि, कंज्यूमर आईडी गैस बुक के पहले पेज पर लिखी होती है, लेकिन अधिकांश उपभोक्ताओं को इसकी जानकारी नहीं है। न ही इस संबंध में गैस एजेंसियों और गैस कंपनी ने उपभोक्ताओं को जागरूक किया। इससे भी उपभोक्ताओं को परेशान होना पड़ रहा है।
दो दिन नंबर में दिक्कत हुई थी, लेकिन अब इसे ठीक कर लिया गया है। अगर इसमें अब भी समस्या आ रही है तो इसे दिखाया जाएगा। जिससे कि उपभोक्ता को परेशानी का सामना न करना पड़े।
- सुधीर कश्यप, सेल्स ऑफिसर आईओसी
नंबर या तो व्यस्त है या मिल ही नहीं रहा है, जिससे गैस बुकिंग कम हो रही है। उनके पास भी लगातार इस प्रकार की शिकायत आ रही है। देशभर में एक नंबर होने से शायद यह समस्या आ रही है। सरकार और कंपनी से मांग है कि वह लाइनों की संख्या बढ़ाए, जिससे कि उपभोक्ताओं को परेशानी न हो।
- चमन लाल, अध्यक्ष उत्तराखंड एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटर्स
नंबर न मिलने की शिकायत के बाद कंपनी के अधिकारियों से बातचीत की गई है। उन्हें तुरंत इसमें सुधार करने को कहा गया है। इससे कि उपभोक्ताओं को गैस बुकिंग और रिफिल में परेशानी का सामना न करना पड़े।
- डीएस कंडारी, जिलापूर्ति अधिकारी