पति के हमशक्ल ने बनाया दो घंटे की ‘विधवा’
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उत्तराखंड के रामनगर में पति के हमशक्ल शव ने एक महिला को दो घंटे के लिए ‘विधवा’ बना दिया। कुछ घंटे बाद जब हकीकत पता चली तो गम के आंसू खुशी में तब्दील हो गए।
देर रात तक घर में खुशी का माहौल रहा। सोबनपुर पीरूमदारा सिंचाई नहर में अज्ञात शव की खबर सुनकर करीब नौ बजे भवानीपुर बड़ी की कुछ महिलाएं भी मौके पर पहुंच गईं। इन्हीं महिलाओं में शामिल थी गांव की पुष्पा देवी।
पति के हमशक्ल शव को देखकर वह रोने-बिलखने लगी। साथ गईं महिलाएं भी सकते में आ गईं। दरअसल उसका पति भुवन चंद्र जोशी ठेकेदार के न आने पर सुबह खुद ही काम पर निकल गया था और ठेकेदार का मोबाइल भी बंद था।
इससे महिला का संदेह गहरा गया। उसने सोचा शायद ठेकेदार ने उसके पति को मरवाकर नहर में फेंक दिया है। वह रोते हुए कहने लगी- तुम्हारे बाल कैसे छोटे हो गए, तुमने ये कपड़े तो नहीं पहने थे।
पंचनामा भरकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा
खबर मिलते ही ग्रामीण और परिजन मौके पर पहुंच गए। महिलाएं पुष्पा को बमुश्किल घर लाईं। महिलाओं ने उसके हाथों की चूड़ियां तोड़ डालीं और गले से मंगलसूत्र भी निकाल दिया।
रोते-रोते पुष्पा देवी बेहोश हो गई। नाते-रिश्तेदार शोक संवेदना व्यक्त कर रहे थे। इधर, पुलिस ने पंचनामा भरकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
इस बीच, कहीं मजदूरी कर रहे भुवन चंद्र जोशी को मामले का पता चला तो वह तुरंत काम छोड़कर घर पहुंच गया। पत्नी को बेहोश और दो बेटियों, नाते रिश्तेदारों को वियोग करते देख वह घबरा गया। भुवन को जीवित देख सब हैरान थे। पुष्पा को होश में लाया गया।
पति को जिंदा देख वह उससे लिपट गई और फूट-फूटकर रोने लगी। यह दृश्य देख वहां मौजूद गम के आंसू बहाने वालों के अब खुशी के आंसू बहने लगे। महिलाओं ने दो घंटे की विधवा को फिर सुहागिन बनाया। बाद में शव की शिनाख्त शक्तिनगर गुलरघट्टी निवासी अतीक के रूप में हुई।