'बर्निंग' बस: एचटी लाइन के करंट से मजदूरों का हुआ ऐसा हाल कि मच गया कोहराम, तस्वीरें देख नहीं पाएंगे
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सुबह श्रमिक हंसी खुशी अपने काम पर जा रहे थे, लेकिन अचानक ऐसा हादसा हुआ कि वहां कोहराम मच गया। भगवान तहसील क्षेत्र के गांवों से श्रमिकों को लेकर आ रही एल्पस कंपनी की बस के ऊपर हद्दीवाला गांव के पास हाईटेंशन लाइन का तार टूटकर गिर गया। बस पर तार गिरते ही करंट फैल गया और आग लग गई। बस में सवार 50 श्रमिकों में चीख पुकार मच गई। हादसे में नौ से अधिक श्रमिक बुरी तरह झुलस गए, जिनमें एक युवती समेत पांच की हालत गंभीर बताई जा रही है।
इनमें दो का देहरादून और तीन घायलों का मेरठ में इलाज कराया जा रहा है। वहीं, मुख्यमंत्री ने घटना का संज्ञान लिया। मुख्यमंत्री के निर्देया ऊर्जा निगम के अवर अभियंता को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। ऊर्जा निगम ने प्रत्येक घायल को 84 हजार और विधायक ने 50 हजार का मुआवजा देने की घोषणा की है।
हरिद्वार सिडकुल स्थित एल्पस कंपनी में धागा बनाया जाता है। कंपनी में भगवानपुर तहसील क्षेत्र के इनायतपुर, बेलकी, हलजोरा, सिकरोढा आदि गांवों के करीब 50 श्रमिक काम करते हैं। इन श्रमिकों को लाने और छोड़ने के लिए कंपनी ने बस लगाई है। बताया जाता है कि मंगलवार की सुबह करीब साढ़े पांच बजे बस श्रमिकों को लेकर सिडकुल आ रही थी।
बस कलियर थाना क्षेत्र के हद्दीपुर और इब्राहिमपुर के बीच पहुंची तो वहां लटक रही हाईटेंशन लाइन का तार बस को छूने के बाद टूट गया। बस पर तार गिरते ही करंट फैल गया और टायरों ने आग लग गई। यात्री चीखते हुए उतरने का प्रयास कर रहे थे। खिड़कियों के शीशे तोड़कर कुछ लोग निकाले गए।
हादसे में करीब नौ श्रमिक झुलस गए। इनमें भी पांच की हालत गंभीर बताई जा रही है। हादसे की जानकारी होने पर इलाके में हड़कंप मच गया। ग्रामीणों ने पुलिस और ऊर्जा निगम के अधिकारियों को सूचना दी।
पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से सभी घायलों को एंबुलेंस से रुड़की सिविल अस्पताल में भर्ती कराया। जहां से इन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। दमकल वाहन के पहुंचने तक बस पूरी तरह से जल चुकी थी।