उत्तराखंड: दो साल बाद अप्रैल में हुई सबसे अधिक गर्मी, मंगलवार से बारिश और ओलावृष्टि देगी राहत
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दो साल बाद इस वर्ष अप्रैल का महीना सबसे गर्म गुजर रहा है। मौसम विभाग के वैज्ञानिक इस दिशा में शोध कर रहे हैं। शनिवार को दून का तापमान 37.6 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। रविवार को तापमान में बढ़ोतरी की संभावना है। उधर, प्रदेश में शनिवार को रुड़की सबसे ज्यादा गर्म रहा, यहां तापमान 41.8 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। जबकि ऊधमसिंह नगर में 39 डिग्री तापमान दर्ज किया गया।
वहीं प्रदेशभर में 30 अप्रैल से मौसम का मिजाज बदल सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक, 30 अप्रैल, एक मई, दो मई और तीन मई को प्रदेश के कई हिस्सों में तेज आंधी, ओलावृष्टि और बारिश हो सकती है। इससे गर्मी से राहत मिलेगी।
प्रदेशभर में गर्मी का प्रकोप तेजी से बढ़ रहा है। इस साल न केवल मैदानी इलाके बल्कि पहाड़ भी तप रहे हैं। राजधानी दून में भी तापमान तेजी से बढ़ रहा है। बीते तीन दिनों की बात करें तो तापमान 35 डिग्री से 37 डिग्री से ऊपर पहुंच गया है। रविवार को 38 डिग्री पार होने की संभावना है। बीते दस वर्षों की बात करें तो अभी तक केवल चार बार तापमान अप्रैल में 38 डिग्री से ऊपर पहुंचा है। मौसम विभाग के निदेशक बिक्रम सिंह ने बताया कि आने वाले एक-दो दिन में तापमान में और बढ़ोतरी होगी। दून का तापमान 38 डिग्री से ऊपर जा सकता है।
अप्रैल के अधिकतम तापमान पर एक नजर
वर्ष तिथि अधिकतम तापमान
2019 27 37.6
2018 26 37.1
2017 20 37.2
2016 17 39.0
2015 21 34.4
2014 30 37.9
2013 30 36.5
2012 20 35.5
2011 29 36.2
2010 27 39.2
2009 30 40.8
तप रहे मैदान, रुड़की में 41.8 डिग्री तापमान
प्रदेश के मैदानी इलाके गर्मी के सीजन में तपने लगे हैं। शनिवार को रुड़की में सर्वाधिक 41.8 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया। हालांकि हरिद्वार में 38 डिग्री और ऊधमसिंह नगर में 39 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया।
बारिश में भी आई गिरावट
प्रदेश में एक मार्च से 24 अप्रैल के बीच बारिश में गिरावट दर्ज की गई है। अल्मोड़ा में 27 प्रतिशत, बागेश्वर में 19 प्रतिशत, चमोली में 28 प्रतिशत, चंपावत में 59 प्रतिशत, देहरादून में एक प्रतिशत, पौड़ी में 51 प्रतिशत, टिहरी में 11 प्रतिशत, हरिद्वार में 52 प्रतिशत, नैनीताल में छह प्रतिशत, रुद्रप्रयाग में 28 प्रतिशत और उत्तरकाशी में 35 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। जबकि पिथौरागढ़ में सामान्य से 31 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है।