फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   High Court: Former IRS officer convicted in bribery and disproportionate assets case, now five years rigorous imprisonment

हाईकोर्ट: रिश्वत और आय से अधिक संपत्ति मामले में पूर्व आईआरएस अफसर दोषी करार, अब पांच साल का कठोर कारावास

Sun, 06 Mar 2022 01:50 PM IST
रेनू सकलानी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: रेनू सकलानी Updated Sun, 06 Mar 2022 01:50 PM IST
सार

पूर्व आयकर आयुक्त श्वेताभ सुमन के खिलाफ दिल्ली सीबीआई ने मुकदमा दर्ज किया था। हाईकोर्ट ने भी श्वेताभ सुमन को दोषी पाया। लेकिन अपील के आधार पर सजा दो साल कम करते हुए पांच साल कठोर कारावास कर दी।

विज्ञापन
High Court: Former IRS officer convicted in bribery and disproportionate assets case, now five years rigorous imprisonment
sdf

विस्तार

रिश्वत और आय से अधिक संपत्ति रखने के दोषी पूर्व आयकर आयुक्त श्वेताभ सुमन को हाईकोर्ट ने भी दोषी माना है। हालांकि उनकी सात साल की सजा को पांच साल के कठोर कारावास में बदल दिया है। सुमन ने देहरादून सीबीआई कोर्ट के फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। वह वर्तमान में सुद्धोवाला जेल में सजा भुगत रहे हैं। एक साल के भीतर हाईकोर्ट में सीबीआई ने 255 गवाहों की गवाही कराई है। 

विज्ञापन


पूर्व आईआरएस अधिकारी श्वेताभ सुमन के खिलाफ वर्ष 2005 में एक गुमनाम शिकायत के आधार पर दिल्ली सीबीआई ने मुकदमा दर्ज किया था। उस वक्त सुमन देहरादून में अपर आयकर आयुक्त के पद पर तैनात थे। सीबीआई ने अपनी जांच में पाया था कि सुमन की संपत्ति 1997 से 2004 के बीच 337 फीसदी बढ़ी है। यह उन्होंने भ्रष्टाचार कर कमाई है।

विज्ञापन


श्वेताभ सुमन, उनकी मां, मित्र और बहनोई को पाया गया था दोषी

जांच में सामने आया था कि श्वेताभ सुमन ने अपने मित्र के नाम पर 55 बीघा जमीन देहरादून के पौंधा में भी खरीदी थी। उन्होंने अपनी मां के नाम पर एक होंडा सिटी कार और अपने बहनोई के नाम पर भी तमाम बेनामी संपत्तियां अर्जित की थी। इन सभी मामलों में देहरादून की सीबीआई अदालत ने फरवरी 2019 में श्वेताभ सुमन, उनकी मां, मित्र और बहनोई को दोषी पाया था।

विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें...Uttarakhand Chunav 2022: चुनाव परिणाम से पहले कांग्रेस दिग्गजों की दिल्ली दौड़ शुरू, हरीश, प्रीतम सिंह के बाद अब जाएंगे गोदियाल


इनमें श्वेताभ सुमन को सात साल कठोर कारावास और साढ़े तीन करोड़ रुपये का जुर्माना की सजा सुनाई थी। इस फैसले के विरुद्ध श्वेताभ सुमन हाईकोर्ट गए थे। हाईकोर्ट में सीबीआई की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता इजाज खान और सीबीआई के अधिवक्ता सतीश कुमार ने बहस की। वरिष्ठ अधिवक्ता इजाज खान ने बताया कि बचाव पक्ष की ओर से कहा गया था कि श्वेताभ सुमन के पास कोई सोना, नकदी नहीं है।

यही नहीं उनके नाम पर एक भी संपत्ति नहीं है। लेकिन, सीबीआई ने यह सिद्ध किया कि इन संपत्तियों को खरीदने के किस तरह से श्वेताभ सुमन के माध्यम से ही पैसे का लेनदेन हुआ। इस आधार पर हाईकोर्ट ने भी श्वेताभ सुमन को दोषी पाया। लेकिन, अपील के आधार पर सजा दो साल कम करते हुए पांच साल कठोर कारावास कर दी। सुनवाई के दौरान श्वेताभ की मां का निधन हो चुका है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed