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मक्खियों ने किया सीएम साहब का स्वागत
अमर उजाला, ऋषिकेश
Updated Tue, 15 Apr 2014 11:18 AM IST
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तीर्थनगरी ऋषिकेश में चंद्रभागा नदी के किनारे बसी त्रिवेणी कॉलोनी में पहली बार पैदल यात्रा पर निकले मुख्यमंत्री हरीश रावत का मक्खियों की भिनभिनाहट से स्वागत हुआ।
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लोग थे काफी उत्सुक
हालांकि, अन्य दिनों की भांति सोमवार को यहां कूड़े के ढेर नजर नहीं आए, मगर नालियों में गंदगी जस की तस भरी थी। ऐसे माहौल में मुखिया के आने से यहां अव्यवस्था में रहने वाले लोग काफी उत्सुक थे।
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मानो उनकी समस्याओं का समाधान होने वाला हो, मगर सीएम साहब तो घर की चौखट, छत और सड़कों पर इकट्ठा लोगों का अभिनंदन करते और अभिवादन स्वीकारते आगे बढ़ गए। न उनका हालचाल जाना और नहीं समस्याएं सुनी।
परिस्थितियों पर गौर करना तो दूर की बात थी। सोमवार को डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती कार्यक्रमों में शिरकत करने तीर्थनगरी पहुंचे सीएम ने लोकसभा चुनाव के दृष्टिगत नगर क्षेत्र में जनसंपर्क किया।
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कांग्रेसियों ने विभिन्न स्थानों पर फूलमाला और ढोल नगाड़ों के साथ उनका स्वागत किया। पूर्वाह्न करीब 11.15 बजे सीएम का काफिला हरिद्वार रोड होते हुए चंद्रभागा पुल पर पहुंचा। यहां से त्रिवेणी कॉलोनी की पदयात्रा शुरू हुई।
संकरी गलियां बनी बाधक
संकरी गलियों में आगे पीछे दौड़ते पार्टी कार्यकर्ताओं का हुजूम मुख्यमंत्री और जनता के बीच बाधक बना रहा। ऐसे में सीएम भी गलियों में परेड करते हुए आगे बढ़ते नजर आए।
कॉलोनी की गलियों में जगह-जगह नालियां चोक और मक्खियां भिनभिना रही थी। यहां नगरपालिका की ओर से कीटनाशक अथवा ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव तक नहीं किया गया था।
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मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों से हालातों का कारण जानना तो दूर, व्यवस्थागत खामियों को महसूस करना भी मुनासिब नहीं समझा। उन्होंने कुछएक स्थानों पर उम्रदराज लोगों को फूलमालाएं पहनाई और कुछेक से मालाएं धारण की।
मगर कहीं एकाध मिनट ठहरकर किसी से भी नागरिक समस्याओं के बाबत कोई जानकारी लेने में दिलचस्पी नहीं दिखाई।
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आखिरकार कॉलोनी की विभिन्न गलियां पार करते हुए मुख्यमंत्री लावोलस्कर के साथ चंद्रेश्वरनगर पहुंचे और यहां से उनका काफिला गंतव्य की ओर रवाना हुआ।
इस दौरान प्रदेश महासचिव राजपाल खरोला, नगर अध्यक्ष महंत विनय सारस्वत, जयेंद्र रमोला, एमएन फारुकी, संजय पोखरियाल, सुनील गुलाटी, शंभू पासवान, रामविलास रावत, अभिषेक शर्मा आदि मौजूद थे।