'भूरा को नहीं पकड़ा तो पुलिस बनेगी लालीपॉप'
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कुख्यात बदमाश अमित उर्फ भूरा की बागपत से फरारी के मामले में मुख्यमंत्री हरीश रावत ने पुलिस के आला अफसरों को खूब लताड़ा। रावत के तल्ख तेवर पेशावर के स्कूल में हुई आतंकी घटना के मद्देनजर पुलिस मुख्यालय में स्कूलों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर समीक्षा बैठक में दिखे।
रावत ने कहा कि भूरा की फरारी के बाद मुझे दो दिन तक नींद नहीं आई। डीजीपी की तरफ रुख करते बोले यदि जल्द हथियार बरामद नहीं हुए और भूरा नहीं पकड़ा गया तो राज्य की मित्र पुलिस लालीपॉप पुलिस बन जाएगी।
इसी बैठक में यह बात भी उठी कि देहरादून के नए एसएसपी पुष्पक ज्योति का यह कहना कि भूरा को मोबाइल जेल के बाहर मिला, खेदजनक है। जबकि तलाशी के दौरान भूरा की बैरक से मोबाइल व बैटरी मिली। सीएम ने भी इस बात को गंभीरता से लिया।
सुरक्षा को लेकर स्कूलों में चले जागरूकता अभियान
स्कूलों की सुरक्षा व्यवस्था के बारे में मुख्यमंत्री ने कहा कि हजारों स्कूलों को सुरक्षा देना तो संभव नहीं है लेकिन जागरूकता अभियान और स्कूलों को उनकी जिम्मेदारी का बोध कराए जाने की जरूरत है। पीएचक्यू में पुलिस व शिक्षा विभाग की संयुक्त बैठक में रावत ने स्कूलों को एडवाइजरी जारी करने और आपदा के वक्त चौकस रहने को कहा।
बच्चों में बढ़ रही नशे की लत पर काबू पाने के लिए किसी महिला पुलिस अधिकारी को जिम्मेदारी दी जाए। मुख्य सचिव एन रविशंकर ने स्कूलों में नियमित रूप से अभिभावक व शिक्षक बैठकों पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बच्चे को सुरक्षित घर पहुंचाने की जिम्मेदारी स्कूल की है।
पुलिस महानिदेशक बीएस सिद्धू ने बताया कि स्कूलों के लिए एडवाइजरी तैयार की जा रही है। एडीजी कानून व्यवस्था राम सिंह मीणा ने स्कूलों की सुरक्षा का खाका सामने रखा।