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12 घंटे तक कंटीले तारों के बीच फंसे गुलदार की मौत

Fri, 05 May 2017 09:53 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, टिहरी
ब्यूरो/अमर उजाला, टिहरी Updated Fri, 05 May 2017 09:53 PM IST
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guldar died due to stuck in Thorn wire

सकलाना रेंज के मौण गांव के एक खेत में लगाई गई कंटीली तार में फंसने से गुलदार की मौत हो गई। गुलदार 12 घंटे से अधिक समय तक जिंदगी और मौत से जूझता रहा।

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शुक्रवार सुबह करीब 9 बजे सकलाना रेंज के वनाधिकारियों को मौण गांव के एक खेत में लगाई गई कंटीली तार में गुलदार के फंसे होने की सूचना मिली। बताया जा रहा है कि गुलदार तड़के चार बजे के करीब कंटीली तार में फंसा होगा।
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सूचना पर रेंजर बुद्धि प्रकाश टीम के साथ मौके पर पहुंचे।  उन्होंने गुलदार को तार से छुड़ाने का काफी प्रयास किया, लेकिन सफल नहीं हो पाए। कंटीली तार से गुलदार को बाहर निकालने के लिए उसे बेहोश करना जरूरी था। 

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चार घंटे बाद पहुंची ट्रेंक्यूलाइज गन

guldar died due to stuck in Thorn wire

​ऐसे में उन्होंने अपने उच्चाधिकारियों से ट्रेंक्यूलाइज गन की मांग की। करीब चार बजे देहरादून से ट्रेंक्यूलाइज गन के साथ वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची।

टीम गुलदार को ट्रेंक्यूलाइज करने की तैयारी में थी कि सात घंटे से अधिक समय से कंटीली में फंसे गुलदार ने दम तोड़ दिया। इसके बाद विभाग ने गुलदार के शव को निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

रेंजर का कहना है कि ग्रामीण ने अपने खेतों की फसल को जंगली जानवरों से बचाने के लिए कंटीली तार लगाई थी जिसमें गुलदार फंस गया। गुलदार की उम्र करीब छह वर्ष होगी। इधर, ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते ट्रेंक्यूलाइज गन पहुंच जाती तो गुलदार की जान बच जाती।

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