डिग्री और मेडल पाकर खिले छात्रों के चेहरे, राज्यपाल ने दिया सफलता का मंत्र
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श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय के प्रथम दीक्षांत समारोह में डिग्री और मेडल पाकर छात्र-छात्राओं के चेहरे खिल उठे। समारोह को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि राज्यपाल डॉ. केके पाल ने कहा कि कामयाबी पाने के लिए ऊंची सोच रखना जरूरी है, तभी सफलता मिल सकती है।
देश को सफल बनाने के लिए विद्यार्थियों को कड़ा परिश्रम करना होगा। उन्होंने कहा कि सीमित संसाधनों से श्रीदेव सुमन विवि पर्वतीय क्षेत्रों में बेहतर शिक्षा दे रहा है।
वानिकी महाविद्यालय के रानीचौरी परिसर में आयोजित श्रीदेव सुमन विवि के प्रथम दीक्षांत समारोह का शुभारंभ राज्यपाल डॉ. केके पाल, उच्च शिक्षा राज्यमंत्री डा. धन सिंह रावत और टिहरी विधायक धन सिंह नेगी ने संयुक्त रूप से किया।
विवि की ओर से कुल 6469 छात्र-छात्राओं को उपाधि दी गई। समारोह में 25 छात्र-छात्राओं को गोल्ड मेडल, 27 को सिल्वर मेडल और पांच को चांसलर ट्रॉफी दी गई।
अति विशिष्ट अतिथि उच्च शिक्षा राज्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि गढ़वाल केंद्रीय विवि से सभी राजकीय महाविद्यालय और प्राइवेट संस्थानों को डिएफिलिएट कर श्रीदेव सुमन विवि से संबद्ध किया जा रहा है।
नए सत्र में ये सभीे औपचारिकताएं पूरी हो जाएंगी। राज्य के विश्वविद्यालयों का शैक्षणिक कैलेंडर 25 जून तक जारी कर दिया जाएगा। इस सत्र से सभी विवि और कॉलेजों का सत्र एक साथ शुरू होगा। 180 दिन शिक्षण कार्य, 30 दिन में परीक्षा परिणाम और सात दिन के अंतर्गत छात्र संघ चुनाव संपन्न कराए जाएंगे
इन्हें मिली चांसलर ट्रॉफी
इस सत्र से सभी कॉलेजों में ड्रेस कोड लागू किया जा रहा है। कुलपति डा. यूएस रावत ने कहा कि वर्तमान में विवि से 147 कॉलेज और संस्थान संबद्ध है। 97 हजार छात्र-छात्राएं विवि में पंजीकृत हैं।
केदारनाथ आपदा के बाद विवि ने पांच गांवों को गोद लेकर वहां स्वच्छता, स्वास्थ्य के जन जागरूकता कार्यक्रम संचालित कर रहा है। गोपेश्वर और भगवानपुर देहरादून में विवि के परिसर संचालित करने की कार्रवाई गतिमान है।
विधायक धन सिंह नेगी ने कहा कि श्रीदेव सुमन विवि शैशवकाल में है। प्रदेश सरकार इसे संवारने के लिए बेहतर कार्य करेगी। इस मौके पर कुलसचिव दिनेश चंद्रा आदि मौजूद थे।
इन्हें मिली चांसलर ट्रॉफी
1-कॉगजेंग बेम जेसमी-एमएससी औद्यानिकी, बाबा फरीद संस्थान देहरादून
2-शिवानी गुप्ता-बीएससी-आईटी, एसजीआरआर देहरादून
3-प्रिंसी-एमए चित्रकला, हर्षविद्या मंदिर कॉलेज हरिद्वार
4-शीतल वर्मा-बीएड, हर्षविद्या मंदिर कॉलेज हरिद्वार
5-साक्षी सिंघल-बीएड, बीहाइव कॉलेज देहरादून
इन्हें मिले गोल्ड मेडल
इन्हें मिले गोल्ड मेडल
पारूल सैनी और खुशबू तिवारी एमएससी रसायन, तुषार नमिदो, पुनीत गुप्ता, एएन ब्लाह और अर्जुन थापा एमएससी कृषि, शिखा हंडा और ममता बंसल एमएचए, प्रिंसी और प्रशांत कुमार एमए चित्रकला, आरती एमएससी भौतिक, किनले डोरजी एमएससी वनस्पति, कॉगजेंग बेम जेसमी-एमएससी औद्यानिकी, नेहा वर्मा एमएससी फिशरीज, सोनम एमए राजनीति विज्ञान, रूबि देवी एमए समाज शास्त्र, सोनम पंवार एमए अंग्रेजी, शिवानी गुप्ता बीएससी आईटी, सकुंल सैनी बीएससी, अंबर सुलत्ना बीए, तफ्सीर जाहरा बीकॉम।
ये नवाजे गए सिल्वर मेडल से
रचना, प्राची शर्मा, कृष्णकांत कुमार, अमन प्रीत सिंह, अन्नू भल्ला, सुप्रिया पंवार, नेहा, अंकन शर्मा, प्रसाद मुकुंद राव पाटिल, अर्चना कुमारी, नितीश तोमर, अनामिका, स्वाती कुमारी, मो.शहवाज, काजल रानी, मोहन लाल विश्नोई, अमित बौखंडी, विशाल अरोड़ा, सोन्याली खरकामनी।
संचालन प्रो. सुरेखा डंगवाल ने किया। इससे पहले राज्यपाल डा. पाल ने विवि मुख्यालय बादशाहीथौल में कंप्यूटर लैब का शुभारंभ और पौध रोपण किया। वानिकी महाविद्यालय रानीचौरी में राज्यपाल ने शहीदों की स्मृति में शौर्य दीवार का लोकार्पण किया।