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हरक सिंह रावत के गांव समेत छह गांवों में आग लगी

Wed, 17 May 2017 06:45 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला,श्रीनगर
ब्यूरो/अमर उजाला,श्रीनगर Updated Wed, 17 May 2017 06:45 PM IST
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fire in six village including forest minister village
fire in forest

वन मंत्री डा. हरक सिंह रावत के गांव श्रीकोट गंगानाली सहित दैलचौरी, सांपला, गंगादर्शन, धोबीघाट और ठीक इसी के सामने कीर्तिनगर क्षेत्र में दावानल में वन संपदा खाक हो गई। जंगलों के जलने से पहाडिय़ां काली नजर आ रही हैं। 

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वहीं घाटी में चारों ओर हरी वनस्पतियों के जलने से धुआं फैला हुआ है। लोगों के घरों में राख उड़ कर आ रही है। वातावरण में जलने की गंध महसूस की जा रही है। लोग आंखों में जलन की भी शिकायत कर रहे हैं। वन विभाग के अनुसार, 10 हेक्टेअर जंगल जल चुके हैं।
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एसडीएम और सिविल सोयम रेंज ऑफिस  से मात्र 3 किलोमीटर की दूरी पर श्रीकोट गंगानाली के जंगल तीन दिन से जल रहे हैं। वर्तमान में पेड़ व झाडियां आग में खाक हो चुके हैं। वहीं जल हुए पेड़ों से धुआं निकलता हुआ दिखाई दे रहा है। लगभग 5 किलोमीटर के दायरे में पहाड़ी काली नजर आ रही है। आग की वजह से अलकनंदा घाटी में गर्म हवा के थपेड़े चल रहे हैं।

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एक हजार हेक्टेअर पर सिर्फ 14 कर्मचारी

fire in six village including forest minister village
fire in forest - फोटो : amarujala

वन क्षेत्राधिकारी राजेंद्र नेगी ने बताया कि दैलचौरी में आग बुझाने टीम भेजी गई है। अन्य स्थानों पर आग पर काबू पा लिया गया है। 

सिविल सोयम रेंज श्रीनगर के  अधीन लगभग एक हजार हेक्टेअर जंगल है। लेकिन विभाग के पास आग बुझाने के लिए मात्र 14 लोगों की टीम है। विभाग ने फायर सीजन में 24 फायर वाचर रखे गए हैं। जिनका काम आग लगने की सूचना देना है। मुश्किल यह है कि सिविल के जंगल राजस्व विभाग के अधीन हैं, जो आग बुझाने में दिलचस्पी नहीं ले रहा है। 

सिविल सोयम श्रीनगर रेंज खिसू, दैलचौरी, रामपुर, चमधार,, खंडाह के बीच नीचे वाले हिस्से में फैला वन क्षेत्र है। एक हजार हेक्टेअर में फैले वन क्षेत्र में लगभग 700 हेक्टेअर क्षेत्र में चीड़ प्रजाति के पेड़ हैं। जो मौजूदा समय में आग की चपेट में हैं। 

विभाग ने आग पर काबू पाने के लिए 6 टीम बनाई हुई है। लेकिन इस टीम में आग बुझाने के लिए रेंजर समेत सिर्फ 14 विभागीय कर्मचारी हैं। आग बुझाने के लिए टीम के पास झाबा और जंगल की झाडिय़ां हैं। इन उपकरणों की सहायता से आग बुझाने की उम्मीद करना बेमानी होगा। 

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