फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Fake Milk and mawa Identification Easy ways of Adulteration on Holi 2020

होली पर दूध और मावा खरीद रहे हैं तो ध्यान दें, दो मिनट में ऐसे करें असली-नकली की पहचान

Mon, 09 Mar 2020 04:34 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: अलका त्यागी Updated Mon, 09 Mar 2020 04:34 PM IST
विज्ञापन
Fake Milk and mawa Identification Easy ways of Adulteration on Holi 2020
- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर

होली पर गुझिया की मिठास नकली मावे से कसैली न हो। इसके लिए आपको मावे की पहचान होना जरूरी है। हम आपको बता रहे हैं फेस्टिवल सीजन में किस तरह असली व नकली मावे की पहचान करें।

विज्ञापन


ये है तरीका
-मावे या खोये को अपने अंगुठे के नाखून पर रगड़ें। अगर वह असली होगा तो उसमें से बहुत देर तक देसी घी की महक आती रहेगी।
-हथेली पर मावे की गोली बनाएं। अगर वह फटने लग जाए तो समझो मावा नकली है या फिर उसमें मिलावट की गई है।
-दो ग्राम मावा को पांच मिली लीटर पानी में घोल लें। इसे ठंडा होने दें। ठंडा होने के बाद इसमें आयोडीन सोल्यूशन डालें। अगर यह नकली होगा तो इसका रंग नीला हो जाएगा।
विज्ञापन

-मावे में थोड़ी चीनी मिलाएं। इसे गर्म करें। अगर पानी छोड़ने लगे तो समझो नकली है।
-थोड़ा मावा खाकर देखो। अगर असली होगा तो मुंह में नहीं चिपकेगा। अगर मिलावटी होगा तो चिपक जाएगा।
-नकली मावे को अगर पानी में डालकर फेंट देंगे तो वह दानेदार टुकड़ों में अलग हो जाएगा।

इन तरीकों से पहचानें, दूध नकली है या असली

आपके घर में सप्लाई हो रहा दूध असली है या नकली, इसकी पहचान के कुछ तरीके हम आपको बता रहे हैं। अगर इन तरीकों से मेल खाता हुआ दूध आपके घर में आ रहा है तो सावधान हो जाइए। यह आपको बीमार कर सकता है।

पहला तरीका : सिंथेटिक दूध की पहचान करने के लिए उसे सूंघे। अगर उसमें साबुन जैसी गंध आती है तो मतलब साफ है कि दूध सिंथेटिक है। असली दूध में कुछ खास गंध नहीं आती। 
दूसरा तरीका : असली दूध का स्वाद हल्का मीठा होता है। जबकि नकली दूध का स्वाद डिटर्जेंट और सोडा मिला होने की वजह से कड़वा हो जाता है।
तीसरा तरीका : असली दूध स्टोर करने पर अपना रंग नहीं बदलता, जबकि नकली दूध कुछ समय बाद पीला पड़ने लगता है। दूध में पानी की मिलावट की पहचान के लिए दूध को एक काली सतह पर छोड़ दें। अगर दूध के पीछे एक सफेद लकीर छूटे तो दूध असली है।
चौथा तरीका : अगर हम असली दूध को उबालें तो इसका रंग नहीं बदलता, वहीं नकली दूध उबालने पर पीले रंग का हो जाता है।
पांचवां तरीका : दूध में पानी की मिलावट की जांच के लिए किसी चिकनी लकड़ी या पत्थर की सतह पर दूध की एक या दो बूंद टपकाकर देखिए। अगर दूध बहता हुआ नीचे की तरफ  गिरे और सफेद धार सा निशान बन जाए तो दूध शुद्ध है।
छठा तरीका : असली दूध को हाथों के बीच रगड़ने पर कोई चिकनाहट महसूस नहीं होती। जबकि नकली दूध बीच रगड़ेंगे तो आपको डिटर्जेंट जैसी चिकनाहट महसूस होगी।
 

जानलेवा हो सकता है नकली दूध, मावा और पनीर

नकली दूध, मावा और पनीर जानलेवा हो सकता है। इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) अपने शोध में नकली दूध और पनीर को कैंसर का कारक भी बता चुका है। इससे किडनी फेल होने का भी खतरा रहता है।

-नकली और मिलावटी दूध, मावे से सबसे ज्यादा पेट संबंधित बीमारियां होती हैं। मिलावटी दूध से पेट में ऐंठन और अपच की समस्या हो सकती है। यदि आप लगातार नकली दूध का सेवन कर रहे हैं तो गैस्टिक की समस्या हो सकती है। अपच और अनिद्रा का कारण नकली दूध हो सकता है। पेट में संक्रमण भी मिलावटी और केमिकल युक्त दूध के कारण होता है।

-मिलावटी दूध, मावे से डायरिया और पीलिया होने की संभावना बढ़ जाती है। डायरिया होने पर शरीर के अंदर का तापमान कम होने लगता है। उल्टी और दस्त की शिकायत हो जाती है। छोटे बच्चे और बुजुर्ग इसकी चपेट में ज्यादा आते हैं। मिलावटी दूध पीने से शरीर में पित्त की मात्रा बढ़ जाती है।

-मिलावटी दूध कब्ज और हैजा जैसी बीमारियों का कारण भी बनता है। अगर रोजाना ढंग से पेट साफ  नहीं तो कब्ज की शिकायत हो सकती है और मिलावटी दूध के कारण खाना अच्छे से पच नहीं पाता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed