देहरादून में अतिक्रमण हटाओ महाअभियान शुरू, चिन्हीकरण के बाद अब चली जेसीबी
- सुबह साढ़े दस बजे से लेकर सांय चार बजे तक विभिन्न इलाकों में गरजेगा बुलडोजर
- अपर सचिव न्याय को सौंपी जाएगी प्रतिदिन के अभियान की रिपोर्ट
- चिन्हित अतिक्रमण का चिन्ह हटाने वालों पर मुकदमा दर्ज करने के आदेश
विस्तार
राजधानी के विभिन्न इलाकों में अतिक्रमण के खिलाफ महाभियान आज प्रेमनगर से शुरू हो गया। इससे पहले प्रेमनगर थाने में पुलिस अधिकारियों की बैठक ली गई। कार्रवाई से पहले राजस्व एवं लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने पैमाइश एवं चिन्हीकरण किया। इसके बाद अतिक्रमण तोड़ने की कार्रवाई शुरू हो गई। वहीं इस दौरान कुछ व्यापारी खुद ही अतिक्रमण हटाने में जुट गए।
21 दिवसीय अभियान के लिए शासन स्तर पर स्पेशल टास्क फोर्स की बैठक के बाद बुधवार को जिलाधिकारी सी रविशंकर की मौजूदगी में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक हुई। जिसमें अभियान से जुड़े सभी पहलुओं पर चर्चा की।
जिलाधिकारी ने बताया कि शहर के विभिन्न इलाकों में पूर्व में चिह्नित अतिक्रमण हटाने के लिए अभियान शाम चार बजे तक चलेगा। इसके लिए शहर को चार जोन में बांटा गया है। प्रत्येक जोन के लिए टीम गठित की गई है। अभियान के बाद सर्वेचौक स्थित आईआरटीडी सभागार में अपर सचिव (न्याय) की मौजूदगी में बैठक होगी, जिसमें समीक्षा की जाएगी कि अभियान के दौरान कितने अतिक्रमण हटाए गए और अगले दिन का रुट चार्ट तैयार किया जाएगा।
प्रेमनगर क्षेत्र से अभियान की शुरुआत
अभियान की शुरूआत प्रेमनगर क्षेत्र से हो रही है। वहां उप जिलाधिकारी की अगुवाई में तहसीलदार, लेखपाल, लोक निर्माण विभाग, नगर निगम, एमडीडीए के अधिकारियोें के साथ-साथ भारी पुलिस बल तैनात है।
यदि किसी कब्जेदार को कोई आपत्ति है तो मौके पर राजस्व अभिलेखों से मिलान कर अपनी समस्या या शंका का निस्तारण कर सकता है। जिलाधिकारी ने बताया कि फ्लाईओवर, आरओबी के नीचे अतिक्रमण हटाने के बाद इसके नीचे फायर बिग्रेड के वाहन, पीडब्ल्यूडी के उपकरण रखे जाएंगे। साथ ही जन सुविधा केंद्र भी खोले जाएंगे।
एमडीडीए उपाध्यक्ष आशीष कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि चिन्हीकरण के बाद जिन कब्जेदारों ने चिन्ह मिटाए हैं, उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा। एसएसपी अरुण मोहन जोशी ने बताया कि अभियान के दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया है।