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चाय बागानों को उजाड़कर मजदूरों से छीना जा रहा रोजगार
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मई दिवस या मजदूर दिवस के अवसर पर गुडरिच व उदियाबाग के चाय बागान श्रमिक संघ ने कार्यक्रम का आयोजन किया। इस मौके पर मजदूरों को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने चाय बागान में काम करने वाले मजूदरों की समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि केंद्र व राज्य सकारों की गलत नीतियों के कारण मौजूदा समय में मजदूर एक बार फिर से गुलामी वाले काल की ओर बढ़ रहा है।
चाय बागान श्रमिक संघ सीटू की पहल पर आयोजित कार्यक्रम में संघ के महासचिव देवानंद पटेल ने कहा कि मौजूदा समय में मजदूरों का शोषण चरम पर है। चाय बागानों को उजाड़कर उनमें गेहूं और धान आदि की खेती कराई जा रही है। चाय बागान के मजदूरों के सामने उनकी रोजी-रोटी का संकट गंभीर है। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारों की गलत नीतियों के कारण फिर से मजदूरों को गुलाम बनाने की साजिश रची जा रही है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सहसपुर के पूर्व प्रधान और कम्यूनिस्ट नेता सुंदर थापा ने कहा कि 135 साल बाद फिर से मजदूरों के शोषण की कार्रवाई की जा रही है। मजदूर संगठनों ने लंबे संघर्ष के बाद जिन अधिकारों को हासिल किया था, सरकार ने उन्हें एक झटके में समाप्त कर दिया है। कार्यक्रम में सहसपुर के पूर्व ब्लाक प्रमुख राजेंद्र पुरोहित, लेखराज, भगवंत पयाल, रविंद्र नोडियाल, प्रवीन कुमार, रेखा, चिंता, सरोज, सुशीला, रोशनवती, चंद्रपाल यादव, राकेश, प्रवेश, साजन, जगजीवन, दीपक, विजय, जगन्नाथ, श्यामलाल, मनोहर लाल शामिल रहे।
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चाय बागान श्रमिक संघ सीटू की पहल पर आयोजित कार्यक्रम में संघ के महासचिव देवानंद पटेल ने कहा कि मौजूदा समय में मजदूरों का शोषण चरम पर है। चाय बागानों को उजाड़कर उनमें गेहूं और धान आदि की खेती कराई जा रही है। चाय बागान के मजदूरों के सामने उनकी रोजी-रोटी का संकट गंभीर है। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारों की गलत नीतियों के कारण फिर से मजदूरों को गुलाम बनाने की साजिश रची जा रही है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सहसपुर के पूर्व प्रधान और कम्यूनिस्ट नेता सुंदर थापा ने कहा कि 135 साल बाद फिर से मजदूरों के शोषण की कार्रवाई की जा रही है। मजदूर संगठनों ने लंबे संघर्ष के बाद जिन अधिकारों को हासिल किया था, सरकार ने उन्हें एक झटके में समाप्त कर दिया है। कार्यक्रम में सहसपुर के पूर्व ब्लाक प्रमुख राजेंद्र पुरोहित, लेखराज, भगवंत पयाल, रविंद्र नोडियाल, प्रवीन कुमार, रेखा, चिंता, सरोज, सुशीला, रोशनवती, चंद्रपाल यादव, राकेश, प्रवेश, साजन, जगजीवन, दीपक, विजय, जगन्नाथ, श्यामलाल, मनोहर लाल शामिल रहे।
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