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Dehradun News: प्रस्तावित कानूनों के विरोध में बिजली कर्मचारियों की देशव्यापी हड़ताल 12 को

Sat, 07 Feb 2026 07:59 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Sat, 07 Feb 2026 07:59 PM IST
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Electricity workers to hold nationwide strike on the 12th in protest against the proposed laws
- उत्तराखंड के सभी सभी बिजली कर्मचारी होंगे हड़ताल में शामिल
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- ऑल इंडिया पावर इंजीनियर्स फेडरेशन अध्यक्ष ने कहा, निजीकरण बर्दाश्त नहीं

अमर उजाला ब्यूरो

देहरादून। ऑल इंडिया पावर इंजीनियर्स फेडरेशन के आह्वान पर बिजली क्षेत्र के निजीकरण व इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट बिल 2025, राष्ट्रीय विद्युत नीति 2026 के खिलाफ बिजली इंजीनियरों की देशव्यापी हड़ताल 12 फरवरी को होगी। जिसमें उत्तराखंड समेत देशभर के 27 लाख बिजली कर्मचारी शामिल होंगे।
फेडरेशन के अध्यक्ष शैलेंद्र दुबे ने शनिवार को ईसी रोड स्थित एक होटल में प्रेस वार्ता की। उन्होंने कहा कि इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट बिल के नुकसान सीधे तौर पर उपभोक्ताओं को भी होंगे। प्रस्तावित बिल में स्पष्ट लिखा गया है कि क्रॉस सब्सिडी अगले पांच साल में खत्म हो जाएगी। रेलवे, मेट्रो व स्पेशल इकोनोमिक जोन की क्रॉस सब्सिडी भी खत्म हो जाएगी। किसानों को मुफ्त बिजली, उपभोक्ताओं को रियायती बिजली कैसे मिलेगी। सरकारी बिजली वितरण कंपनियां कंगाल हो जाएंगी। इस बिल में कॉस्ट रिफ्लेक्टिव टैरिफ का प्रस्ताव लाया गया है, जिसके आने की सूरत में लागत से अधिक पर ही बिजली बिकेगी। कंपनियों का पूरा इस्टीमेट जोड़ दें तो बिजली के दाम सीधे 10 रुपये प्रति यूनिट तक पहुंच जाएंगे। इसके विरोध में 12 फरवरी को देशभर के बिजली कर्मचारी एक दिवसीय हड़ताल पर रहेंगे।
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ऊर्जा निगमों की जमीन लौटाएं, नहीं तो बड़ा आंदोलन

फेडरेशन के अध्यक्ष शैलेंद्र दुबे ने कहा कि यूजेवीएनएल की जमीनों को अप्रयोज्य बताते हुए उत्तराखंड अवस्थापना विकास बोर्ड (यूआईआईडीबी) को सौंपा जा रहा है। जबकि पावर सेक्टर लगातार विस्तार पा रहा है, लिहाजा इसकी जमीनें कभी अप्रयोज्य नहीं होती। सवाल उठाया कि क्या सरकार उत्तराखंड के पावर सेक्टर को बंद करना चाहता है। उन्होंने चेताते हुए कहा कि मूकदर्शक नहीं रहेंगे। आठ मार्च को ऑल इंडिया पावर इंजीनियर्स फेडरेशन की राष्ट्रीय बैठक देहरादून में रखी गई है, जिसमें उत्तराखंड की जमीनों समेत सभी मुद्दों पर चर्चा होगी। सरकार ने फैसला वापस न लिया तो न केवल प्रदेश बल्कि राष्ट्रीय स्तर का आंदोलन होगा, जिसमें देशभर के बिजली कर्मचारी संगठन उत्तराखंड पहुंचेंगे। प्रेस वार्ता में उत्तर प्रदेश बिजली कर्मचारी संघ के प्रधान महामंत्री महेंद्र राय, उत्तराखंड पावर इंजीनियर एसोसिएशन से वाईएस तोमर, राहुल चानना, पंकज सैनी, भानु प्रकाश जोशी, राकेश शर्मा, सुनील तंवर, रेखा डंगवाल, चित्र सिंह, एचएस रावत, विनोद कवि, सुनील मोगा, बीरबल सिंह उपस्थित रहे।
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