उत्तराखंड से शुक्रताल तक पहुंचेगी गंगा, इन दो नदियों पर बनेगा ईको पार्क
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
केंद्रीय जल संसाधन राज्यमंत्री संजीव बालियान ने कहा कि केंद्र सरकार तीर्थस्थल शुक्रताल तक पवित्र गंगाजल ले जाएगी। इसके लिए लक्सर के बालावाली से गंगा की एक धारा बाणगंगा नदी के किनारे-किनारे नहर बनाकर शेरपुर बेला घाट (यूपी) तक पहुंचाई जाएगी।
एक माह के अंदर डीपीआर तैयार की जाएगी। उसके तीन माह बाद योजना पर काम शुरू हो जाएगा। दूसरी ओर क्षेत्रवासियों ने योजना को खादर क्षेत्र के लिए खतरा बताते हुए विरोध जताया।
शुक्रवार को राज्यमंत्री संजीव बालियान खादर क्षेत्र के चंद्रपुरी खुर्द, शेरपुर बेला, बाण गंगा, इंदरीशपुर, डुमनपुरी और कलसिया होते हुए लक्सर स्थित एक फैक्टरी पहुंचे।
पत्रकारवार्ता में उन्होंने बताया कि शुक्रताल तीर्थ स्थल के रूप में पूजा जाता है, लेकिन वहां तक पहुंचने वाली बाणगंगा का जल दूषित हो गया है। इसके लिए केंद्र सरकार ने एक प्रस्ताव तैयार किया है।
उसके अनुसार गंगा से एक धारा बालावाली गांव से बाणगंगा के किनारे नहर बनाकर उत्तर प्रदेश के शेरपुर बेला घाट तक पहुंचाई जाएगी। इसके लिए जल संसाधन मंत्रालय की वेबकोर्स संस्था डीपीआर तैयार कर रही है।
चंद्रपुरी के बांण गंगा पर बनेगा पुल
उन्होंने बताया कि बाणगंगा पर एक ईको पार्क बनाया जाएगा। इसके अलावा बाणगंगा में गिरने वाली सोलानी पर रुड़की में भी एक ईको पार्क बनाने की योजना है। इससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।
पत्रकारवार्ता के दौरान खानपुर विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन, दुग्ध संघ के चेयरमैन रणवीर सिंह, गन्ना चेयरमैन महिपाल सिंह, उपजिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्र, तहसीलदार गोपाल सिंह चौहान, सुशील चौधरी, सुंदर सिंह, मदन शास्त्री, ओमकार सिंह, नीटू भाटी आदि मौजूद रहे। क्षेत्र भ्रमण के दौरान राज्यमंत्री के प्रस्ताव पर ग्रामीणों ने विरोध जताया। साथ ही इसे खादर क्षेत्र के लिए खतरा करार दिया।
चंद्रपुरी के बांण गंगा पर बनेगा पुल
पत्रकारवार्ता के दौरान राज्यमंत्री ने बताया कि बाण गंगा पर प्रतिवर्ष शुगर मिल की ओर से अस्थायी पुल बनाया जाता है, लेकिन अब यहां पक्के पुल का निर्माण कराया जाएगा। इससे दोनों प्रदेशों के किसानों के साथ-साथ स्थानीय ग्रामीणों को भी लाभ मिलेगा।
योजना पर लग सकता है ग्रहण
जैसे ही राज्यमंत्री लक्सर स्थित कैवेंडिश फैक्टरी पहुंचे खानपुर क्षेत्र के दो दर्जन से अधिक ग्रामीणों ने उन्हें एक ज्ञापन सौंपा। इसमें ग्रामीणों ने आशंका जताई कि गंगा से जो धारा शुक्रताल के लिए निकाली जाएगी। उससे खादर क्षेत्र में बाढ़ की विभिषिका झेलनी पड़ सकती है।