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उत्तराखंड में बारिश आते ही बढ़ा बीमारी का खतरा, अलर्ट
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
Updated Tue, 05 Jul 2016 03:08 AM IST
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हर जगह जल जमाव हो रहा है।
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बरसात के मौसम को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने प्रदेश भर में अलर्ट जारी किया है। सभी जिलों के मुख्य चिकित्साधिकारियों को जल जनित रोगों की रोकथाम और उपचार की प्रभावी व्यवस्था बनाने के निर्देश दिए गए हैं। सभी सीएमओ को रोजाना इसकी रिपोर्ट स्वास्थ्य महानिदेशालय को देनी होगी।
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बरसात में दूषित पेयजल और जगह-जगह पानी भरने से कई तरह की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। जल जनित रोगों के कारण कई लोगों को हर साल जान गंवानी पड़ती है। वहीं, बड़ी संख्या में लोग इससे प्रभावित होते हैं। अक्सर स्वास्थ्य विभाग पर समय से तैयारियां और उपचार की व्यवस्था नहीं करने के आरोप लगते हैं।
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इससे सबक लेते हुए स्वास्थ्य विभाग ने इस बार पहले ही तैयारी कर ली है। स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ. कुसुम नरियाल ने बताया कि इस वर्ष जल जनित रोगों की रोकथाम के उपाय पहले ही शुरू कर दिए गए।
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सभी जिलों में डिमांड के मुताबिक दवाएं और अन्य जरूरी संसाधन भी उपलब्ध कराए गए, ताकि अंतिम समय में दिक्कत ना हो। उन्होंने बताया कि सभी सीएमओ को अलर्ट किया गया है। दवा समेत अन्य जरूरी व्यवस्थाएं तैयार रखने को कहा गया है।
आपदा को तैयार रहें अस्पताल
स्वास्थ्य महानिदेशालय ने लगातार हो रही दुर्घटनाओं और प्राकृतिक आपदाओं को देखते हुए सभी अस्पतालों में आपदा सेल गठित करने के निर्देश दिए हैं। महानिदेशक डॉ. कुसुम नरियाल ने बताया कि आपदा सेल में इमरजेंसी सेवाओं को बेहतर बनाने पर जोर रहेगा। इसके लिए जरूरी दवाएं, सर्जिकल उपकरण और अन्य जरूरी सामान भी तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी भी आपदा या दुर्घटना की स्थिति में तुरंत उपचार मिल सके।