{"_id":"5725257c4f1c1b3969a92928","slug":"dgp-siddhu-disputed-order-before-retirement","type":"story","status":"publish","title_hn":"जाते-जाते विवादित आदेश कर गए सिद्धू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जाते-जाते विवादित आदेश कर गए सिद्धू
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
Updated Sun, 01 May 2016 03:07 AM IST
विज्ञापन
बीएस सिद्घू
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डीजीपी से रिटायर होते होते बीएस सिद्धू एक विवादित आदेश कर गए। लाल और नीली बत्तियों पर शासन की नई गाइड लाइन को पुलिस की प्रतिष्ठा के विरुद्ध बताते हुए उन्होंने आदेश दिए कि कोई भी पुलिस अफसर या कर्मचारी अपने राजकीय वाहन पर बत्ती नहीं लगाएगा। बतौर डीजीपी बीएस सिद्धू का यह अंतिम आदेश है।
विज्ञापन
यह है वजह
सिद्धू का कहना है कि एसपी से लेकर डीजीपी तक के लिए वाहन पर लगने वाली बत्ती की जो व्यवस्था की गई है वह सीडीओ स्तर के अधिकारी को मिलती है। इसलिए उन्होंने यह आदेश किया है।
विज्ञापन
हालांकि बाद में नए डीजीपी एमए गणपति ने मीडिया के सवाल पर स्पष्ट किया कि इसे प्रतिष्ठा से जोड़ना उचित नहीं है। ऐसे में प्रबल संभावना है कि नए डीजीपी एमए गणपति इस आदेश को पलट सकते हैं।
विज्ञापन