डेंगू: देहरादून में गुरुवार को मिले दो नए मरीज, जिले में कुल मरीजों की संख्या हुई 17
ऋषिकेश में डेंगू ने दस्तक दी है। एसपीएस राजकीय चिकित्सालय में एक युवक में डेंगू की पुष्टि हुई है। युवक को सरकारी अस्पताल के डेंगू वार्ड में भर्ती किया है। युवक का स्वास्थ्य सामान्य बताया जा रहा है।
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देहरादून जिले में डेंगू के दो और मरीज मिले हैं। दोनों स्वस्थ्य है। वहीं अब तक जिले में डेंगू के कुल 17 मरीज मिल चुके हैं। गुरुवार को एक मरीज सेलाकुई में तो दूसरा क्लेमेंटटाउन क्षेत्र का रहने वाला है।
ऋषिकेश में डेंगू का पहला मरीज मिला
ऋषिकेश में डेंगू ने दस्तक दी है। एसपीएस राजकीय चिकित्सालय में एक युवक में डेंगू की पुष्टि हुई है। युवक को सरकारी अस्पताल के डेंगू वार्ड में भर्ती किया है। युवक का स्वास्थ्य सामान्य बताया जा रहा है।
सरकारी अस्पताल ऋषिकेश के वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. एसके कोठियाल ने बताया कि बीते बुधवार को ओपीडी में एक 34 वर्षीय युवक बुखार की शिकायत लेकर आया था। उसे तेज बुखार और शरीर पर लाल रंग के चकत्ते थे।
प्राथमिक उपचार के बाद डेंगू की आशंका देखते हुए उसकी पैथोलॉजी लैब में डेंगू की जांच कराई गई। बृहस्पतिवार को युवक की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। उन्होंने कहा कि डेंगू की चपेट में आने वाला युवक मालवीय मार्ग, ऋषिकेश का रहने वाला है। वह वार्ड में भर्ती है। कहा सप्ताहभर पहले से डेंगू की आशंका में हर रोज 50 से 60 मरीजों की पैथोलॉजी जांच हो रही है। डेंगू का यह पहला केस सामने आया है।
उधर अस्पताल के सीएमएस डॉ. विजयेश भारद्वाज ने बताया कि अस्पताल प्रशासन मच्छर जनित रोग डेंगू से निपटने को पूरी तरह तैयार है। अस्पताल में डेंगू वार्ड के साथ ही जांच किट के साथ पर्याप्त दवाइयां उपलब्ध हैं। उपचार में किसी तरह की कमी नहीं होने दी जाएगी।
डेंगू की दस्तक के साथ निगम प्रशासन अलर्ट
ऋषिकेश में डेंगू का पहला केस मिलने के बाद नगर निगम प्रशासन भी अलर्ट हो गया। डेंगू नियंत्रण के लिए शहर को चार जोन में बांटा गया है। नगर आयुक्त ने सभी 40 वार्डों में नियमित फॉगिंग और लार्वानाशक दवाओं के छिड़काव के निर्देश दिए है। नगर निगम की टीम घर-घर जाकर लोगों को जागरूक भी कर रही है।
कोरोना के बीच डेंगू संक्रमण स्वास्थ्य विभाग और निगम प्रशासन के चुनौती बनता नजर आ रहा है। संक्रमण को बेकाबू होने से रोकने के नगर निगम प्रशासन ने भी अब कमर कस ली है। सहायक नगर आयुक्त एलम दास ने बताया कि सोर्स लेवल पर डेंगू का खत्म करने के लिए नगर निगम ने रैपिड टास्क फोर्स का गठन किया। डेंगू नियंत्रण अभियान के लिए शहर को चार जोन में बांटा गया है। सेनेट्री इंस्पेक्टर को रैपिड टास्क फोर्स का प्रभारी बनाया गया है।
नगर आयुक्त केके मिश्रा ने डेंगू नियंत्रण प्रभारियों को सभी 40 वार्डों में नियमित रूप से फागिंग और जलभराव वाले स्थानों पर लार्वानाशक दवाओं के छिड़काव के निर्देश दिए हैं। नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग विभाग की संयुक्त टीम घरों में लार्वा की जांच कर रही है। एलम दास ने बताया कि डेंगू नियंत्रण के लिए लोगों को जागरूक भी किया जा रहा है। नालों और नालियों में रुके हुए पानी में मच्छर का लार्वा को पनपने से रोकने के लिए नौ सदस्यीय नाला गैंग बनाई गई।
एक दिन का समय निकाले घर को डेंगू मुक्त करें
मेयर अनीता ममगाईं ने शहरवासियों से घर की सफाई के लिए एक दिन का समय निकालने की अपील की है। मेयर ने कहा की लोग रविवार को एक घंटा घरों की सफाई के निकाले। इस दौरान वे डेंगू के लार्वा मुख्य सोर्स गमलों, छत और आंगन में पड़े खाली सामानों में एकत्र पानी को गिराए। इसके साथ कूलर का पानी भी समय-समय बदला जाना चाहिए।